सोनभद्र डीएम चंद्र विजय सिंह ने कलेक्ट्रेट में मुख्यमंत्री के प्राथमिकता वाले विकास कार्यक्रमों की समीक्षा की। कार्यदाई संस्थाओं के अफसरों को हिदायत दी कि समय सीमा में सभी कार्य पूरा करें। गोल्डेन कार्ड बनाने में शिथिलता पर कड़ी नाराजगी जताई। डीएम ने सभी सीएचसी-पीएचसी पर दवाओं की उपलब्धता, गोल्डेन कार्ड बनाने की प्रगति आदि की समीक्षा की। पाया कि गोल्डेन कार्ड बनाने की प्रगति काफी धीमी है। एसीएमओ और डिप्टी सीएमओ सीएचसी-पीएचसी का नियमित निरीक्षण भी नहीं करते। इस पर डीएम ने सीएमओ के वेतन भुगतान पर रोक लगाने के निर्देश दिए।
इसके साथ ही गोल्डेन कार्ड की प्रगति न सुधारने पर संबंधित एमओआईसी व कंप्यूटर ऑपरेटर के विरुद्ध कार्रवाई की हिदायत दी। डीएम ने मुख्य पशु चिकित्साधिकारी से पशुओं के टीकाकरण, गोवंश आश्रय स्थल आदि के संबंध में जानकारी ली। मुख्य पशु चिकित्साधिकारी को निर्देशित करते हुए कहा कि गोवंश आश्रय में रहने वाले स्वस्थ पशुओं का चयन करते हुए आसपास के गांवों में पशु पालने के इच्छुक लोगों को सौंप दिया जाए। महाअभियान चलाकर लोगों को इसके संबंध में जानकारी दी जाए। वहीं सभी नगर पंचायत के अधिशासी अधिकारी, ग्राम पंचायत व ग्राम विकास अधिकारी को छुट्टा, आवारा पशुओं पकड़ कर गो-आश्रय स्थलों में भेजने की हिदायत दी।
डीएम ने आईजीआरएस, मुख्यमंत्री शिकायती पोर्टल, जन शिकायत आदि का निस्तारण समय से गुणवत्ता पूर्वक करने की बात कही। इसके साथ ही शहरी आवास योजना के तहत निर्मित भवनों की जांच के लिए कमेटी गठित कर उसका सत्यापन अनिवार्य रूप से कराने की बात कही। 50 लाख से अधिक की लागत से निर्मित होने वाले निर्माणाधीन कार्यों का जायजा लेते हुए किसी भी समस्या में आपसी समन्वय के साथ कार्य को पूूरा करने को कहा। समीक्षा में विभागों व अधिकारियों को दिए गए दिशा-निर्देशों का अक्षरश: अनुपालन करने की बात कही। प्रधान मंत्री सहज बिजली हर घर योजना, आयुष्मान भारत, प्रधान मंत्री जन धन योजना, प्रधान मंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना, प्रधान मंत्री सुरक्षा बीमा योजना, निवेश मित्र झट-पट पोर्टल, कृषि बीज उर्वरक, रसायन, गौवंश, पशु टीकाकरण, कोविड-19 के संक्रमण से बचाव, स्वच्छ भारत मिशन, शहरी व ग्रामीण, अपशिष्टों का निस्तारण, राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन, मनरेगा, मिशन इन्द्र धनुष, स्टार्ट-अप इंडिया, स्टैंड अप इंडिया, पेेंशन योजना निराश्रित महिला, वृद्धावस्था, दिव्यांगजन सशक्तीकरण आदि विकास कार्यक्रमों का फीडबैक सहित महत्वपूर्ण योजनाओं की समीक्षा करते हुए लक्ष्य को पूरा करने के निर्देश दिए। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी डॉ. अमित पाल शर्मा, जिला विकास अधिकारी डॉ. रामबाबू त्रिपाठी, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी हरिवंश कुमार, जिला पंचायत राज अधिकारी विशाल सिंह, परियोजना निदेशक आरएस मौर्या, अपर जिला सूचना अधिकारी विनय कुमार सिंह आदि मौजूद रहे।