संवाद न्यूज एजेंसी
सोनभद्र। सरकार स्वच्छता के लिए रोज नई कवायद कर रही है, लेकिन अधिकारी शासन की मंशा पर पानी फेर रहे हैं।
शहर में स्वच्छ भारत मिशन के तहत बनवाए गए अधिकांश यूरिनल व शौचालय में गंदगी की भरमार है। कहीं दरवाजा व यूरिनल टूटे हुए हैं। इससे लोगों को दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है। गंदगी के कारण लोग शौचालयों का उपयोग करने से भी हिचकते हैं।
करीब एक लाख आबादी वाले नगर पालिका परिषद की ओर से लाखों रुपये खर्च कर नगर क्षेत्र में सामुदायिक शौचालय एवं यूरिनल का निर्माण कराया गया है। नगर में रॉबर्ट्सगंज कोतवाली, तहसील परिसर, जोगियाबीर मंदिर, दीपनगर तालाब, दंडईत बाबा मंदिर परिसर के साथ ही रामसरोवर तालाब के भींटे के पास पुरुष एवं महिला शौचालय का निर्माण कराया गया है। इसमें से कई शौचालय भी बंद पड़े हैं।
वहीं नगर के चौराहों पर बने सार्वजनिक यूरिनलों में साफ-सफाई की स्थिति खराब है। बढ़ौली चौक पर पुलिस बूथ के बगल में प्लाईओवर के नीचे बना यूरिनल हमेशा गंदगी से पटा रहता है। रात के अंधरे में लोग शौच तक कर दे रहे हैं। गंदगी की वजह से बदबू उठता है।
इससे राहगीरों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। वहीं सफाई के नाम पर सिर्फ कोरमपूर्ति की जा रही है। रोडवेज बस स्टैंड के सामने और धर्मशाला चौक के पास फ्लाईओवर के नीचे महिला एवं पुरुषों के लिए यूरिनल बना हुआ है।
दरवाजा भी लगा है। धर्मशाला चौक के पास बने यूरिनल का सेट टूट गया है। यूरिनल व उसके आस-पास गंदगी रहती है। यहीं दशा रोडवेज बस स्टैंड के सामने बने यूरिनल की भी है। इसके अलावा नगर में कई स्थानों पर यूरिनल बना हुआ है।
आस-पास के लोगों ने नगर पालिका प्रशासन से सार्वजनिक यूरिनल व शौचालयों के साफ-सफाई पर ध्यान देने की अपील की है।
इस संबंध में अधिशासी अधिकारी विजय यादव का कहना है कि सार्वजनिक यूरिनल की सफाई कराई जाती है। इसके लिए संबंधित कर्मचारियों को निर्देशित किया गया है।