सदर तहसील क्षेत्र के ग्राम पंचायत खुज्झा में निर्माणाधीन राजकीय बालिका इंटर कॉलेज का बंद पड़ा कार्य फिर से शुरू कराने के लिए डीआईओएस ने सदर एसडीएम को पत्र लिख कर अनुमति मांगी है। राजस्व परिषद उत्तर प्रदेश इलाहाबाद ने अर्द्धनिर्मित राजकीय बालिका इंटर कॉलेज की जमीन पर विवाद से जुड़ी एक व्यक्ति की अपील खारिज कर दी थी। इसके बाद कॉलेज निर्माण का रास्ता साफ हो गया है।
नक्सल प्रभावित चतरा ब्लॉक में राजकीय बालिका इंटर कॉलेज न होने से छात्राओं को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। इससे निजात दिलाने के लिए वर्ष 2017 में सदर विधायक भूपेश चौबे ने शासन स्तर पर प्रयास कर वर्ष 2018 में करीब साढ़े तीन करोड़ रुपये राजकीय बालिक इंटर कॉलेज के लिए मंजूर कराया था। ग्राम पंचायत खुज्झा में कॉलेज का शिलान्यास हुआ। कार्यदायी संस्था राजकीय निर्माण निगम ने लगभग 80 लाख रुपये निर्माण कार्य में खर्च भी कर दिया। उसी दौरान खुज्झा गांव के एक व्यक्ति ने कोर्ट में वाद दाखिल कर दिया और वर्ष 2020 में एसडीएम के निर्देश पर निर्माण कार्य को बंद कर दिया गया। वर्तमान ग्राम प्रधान ने बोर्ड ऑफ रेवेन्यू में कॉलेज का निर्माण कार्य शुरू कराने के लिए वाद दाखिल किया। फैसला ग्राम पंचायत के पक्ष में हो गया। इस फैसले के खिलाफ पुन: विचार याचिका बोर्ड आफ रेवेन्यू में दायर की गई। सुनवाई करते हुए बोर्ड के सदस्य अमरनाथ उपाध्याय ने अपने आदेश में लिखा है कि पत्रावली के अध्ययन से स्पष्ट है कि एसडीएम राबर्ट्सगंज ने विधाई मंशा के अनुरूप वाद पर विचार करते हुए आदेश पारित किया है। इसमें हस्तक्षेप करने का कोई औचित्य नहीं है। लिहाजा पुनर्विचार प्रार्थना पत्र को निरस्त किया जाता है। अब शिक्षा विभाग राजकीय बालिका इंटर कॉलेज खुज्झा का निर्माण कार्य कराने में आने वाली अड़चन दूर होने के बाद निर्माण कार्य शुरू कराने में जुट गया है। डीआईओएस ने एसडीएम को पत्र लिखकर काम कराने के लिए अनुमति मांगी है।
ग्राम पंचायत खुज्झा में बंद पड़े राजकीय बालिका इंटर कॉलेज के निर्माण कार्य को शुरू कराने के लिए सदर एसडीएम को पत्र लिख कर अनुमति मांगी गई है। एसडीएम का निर्देश मिलते ही कार्यदायी संस्था निर्माण कार्य शुरू करा देगी। जल्द से जल्द कॉलेज का निर्माण कार्य पूर्ण कराकर पठन-पाठन शुरू कराया जाएगा। - रविशंकर, जिला विद्यालय निरीक्षक।