सीओ के निरीक्षण के दौरान पुलिसकर्मियों के असलहा चलाने में विफल होने पर किरकिरी के बाद एसपी ने अब हर रविवार को असलहा प्रशिक्षण कराने की व्यवस्था की है। आरक्षी से लेकर इंस्पेक्टर तक इस दिन असलहा खोलने, बंद करने और चलाने की ट्रेनिंग लेंगे। इसकी जिम्मेदारी सीओ को सौंपी गई है।
मंगलवार को कोतवाली के निरीक्षण पर पहुंचे एसपी अमरेंद्र प्रसाद सिंह ने बताया कि पुलिस में भर्ती हो रहे जवान छह माह की ट्रेनिंग कर रहे हैं, जबकि पूर्व में नौ माह की ट्रेनिंग करते थे। हथियार चलाने में दक्षता के लिए बराबर प्रशिक्षण होना चाहिए। अब प्रत्येक रविवार को पुलिस के जवानों को असलहे को खोलने, बंद करने और चलाने की ट्रेनिंग देने के लिए सीओ रामाशीष यादव को निर्देशित किया गया है। उन्होंने बताया कि दुद्धी में जल्द परिवार परामर्श केंद्र की स्थापना होगी, जहां घरेलू झगड़ों का निपटारा किया जाएगा। सेवामुक्त हो चुके शिक्षित व प्रबुद्ध वर्ग को विवाद सुलझाने की जिम्मेदारी सौंपी जाएगी। टीम में चार-पांच प्रबुद्ध लोग होंगे। एएसपी नक्सल डॉ. राजीव कुमार को कस्बे से पांच लोगों का चयन करने को कहा गया है। एसपी ने कहा कि अमवार पुलिस चौकी का क्षेत्र दुरूह क्षेत्र है, यह इलाका छत्तीसगढ़ व झारखंड की सीमा से लगता है। यहां जल्द जीप मुहैया कराई जाएगी।
फायर स्टेशन का जल्द होगा निर्माण
दुद्धी। दुद्धी और आसपास के इलाकों में गर्मी के दिनों में आग की घटनाएं होती हैं। आग लगने की सूचना पर रेणुकूट या चोपन से दमकल के वाहनों को बुलाना पड़ता है। जब तक दमकल की गाड़ी पहुंचती है तब तक काफी क्षति हो चुकी होती है। इसको देखते हुए दुद्धी मुख्यालय पर फायर स्टेशन की कवायद तेज कर दी गई है। एसपी ने कहा कि अभी घोरावल में फायर स्टेशन का निर्माण हो रहा है, जल्द ही दुद्धी में भी इसका निर्माण कराया जाएगा। संवाद