सोनभद्र। साढ़े सात वर्ष पूर्व घर में घुसकर किशोरी से छेड़छाड़ के मामले में अपर सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश पाॅक्सो एक्ट अमित वीर सिंह की अदालत ने दोषी को तीन वर्ष कैद की सजा सुनाई है। मंगलवार को सुनवाई करते हुए कोर्ट ने उस पर नौ हजार रुपये अर्थदंड भी लगाया। अर्थदंड न देने पर एक माह की अतिरिक्त कैद भुगतनी होगी। वहीं अर्थदंड की आधी राशि पीड़िता को मिलेगी।
अभियोजन पक्ष के मुताबिक पन्नूगंज थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी महिला ने 20 अप्रैल 2016 को थाने में दी तहरीर में अवगत कराया था कि गोलाबाद निवासी राकेश विश्वकर्मा अपने एक अन्य साथी के साथ घर में घुसकर उसकी नाबालिग लड़की से छेड़छाड़ करने लगा। बेटी की आवाज सुनकर वह पहुंची तो दोनों युवक भागने लगे। उन्हें गांव के लोगों ने पकड़ लिया।
तहरीर पर पुलिस ने केस दर्ज कर विवेचना किया और न्यायालय में चार्जशीट दाखिल किया। सुनवाई के दौरान अदालत ने दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं के तर्कों को सुनने, गवाहों के बयान एवं पत्रावली का अवलोकन करने पर दोषी राकेश विश्वकर्मा को तीन वर्ष की कैद एवं नौ हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। अर्थदंड न देने पर एक माह की अतिरिक्त कैद भुगतनी होगी। कोर्ट ने दूसरे आरोपी को साक्ष्य के अभाव में दोषमुक्त करार दिया। वहीं अर्थदंड की धनराशि में से साढ़े चार हजार रुपये पीड़िता को मिलेगी। अभियोजन पक्ष की तरफ से सरकारी वकील दिनेश कुमार अग्रहरी, सत्य प्रकाश त्रिपाठी एवं नीरज कुमार सिंह ने बहस की।