जिले में स्थापित औद्योगिक प्रतिष्ठानों में ज्यादा से ज्यादा शिशिक्षु प्रशिक्षकों (अप्रेंटिस) की तैनाती के लिए जिला प्रशासन ने कवायद शुरू की है। इसके तहत सभी औद्योगिक प्रतिष्ठानों में स्थायी व संविदा पर तैनात कर्मचारियों की सूची तैयार कराई जा रही है। सीडीओ ने तीन दिनों में सूची तैयार कर उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है। वर्तमान में उद्योगों में ढाई से तीन प्रतिशत ही शिशिक्षु रखे जा रहे हैं जबकि इनकी संख्या 15 प्रतिशत तक की जा सकती है।
सोमवार को सीडीओ ने विकास भवन सभागार में इस संबंध में अफसरों की बैठक ली। रोजगार मेले व प्रशिक्षण के बारे में जानकारी ली तो आईटीआई के प्राचार्य ने बताया कि अप्रेंटिस मेले का आयोजन समय-समय पर होता रहता है लेकिन सेवायोजन की संख्या काफी कम है। शासन की मंशा के अनुसार 15 प्रतिशत तक शिशिक्षु रखे जा सकते हैं। सीडीओ सौरभ गंगवार ने उपायुक्त उद्योग को निर्देश दिया कि जिले में स्थापित सभी बड़े अधिष्ठानों में कार्यरत सभी कर्मचारियों की सूची तैयार कर तीन दिनों में उपलब्ध कराएं। इसके बाद उनके साथ बैठक भी करें। शिशिक्षु प्रशिक्षण पाने वाले अभ्यर्थियों को इन अधिष्ठानों में सेवायोजित करने पर जोर दिया जाए। उन्होंने 21 जून को आईटीआई दुद्धी में आयोजित होने वाले कैंपस प्लेसमेंट में भी अधिक से अधिक कंपनियों की सहभागिता कराने का निर्देश दिया। बैठक में उपायुक्त उद्योग आरपी गौतम, आईटीआई प्राचार्य जीएस यादव, एलडीएम अरुण कुमार पांडेय, विनय कुमार सिंह आदि मौजूद रहे।