रामगढ़ वन रेंज के खोड़ैला गांव के पास सोमवार की रात तेंदुए के शावक का शव पाया गया। उसकी उम्र करीब एक साल बताई जा रही है। वन विभाग की टीम ने शावक के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। शावक की मृत्यु कैसे हुई, इसकी छानबीन में वन विभाग जुटा हुआ है।
नक्सल प्रभावित क्षेत्र के जंगलों में कई बार तेंदुए को विचरण करते देखा गया है। सोमवार की रात करीब नौ बजे वन क्षेत्राधिकारी सतेंद्र कुमार सिंह को ग्रामीणों से खोड़ैला के घोड़ बिसरा के जंगल में तेंदुए के शावक का शव पड़ा होने की सूचना मिली। मौके पर पहुंची वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची। ग्रामीणों की मदद से करीब छह घंटे की मशक्कत से टीम शव तक पहुंचने में सफल रही। मंगलवार की दोपहर वन विभाग की टीम शावक के शव को लेकर रेंज कार्यालय पहुंची। वन क्षेत्राधिकारी सत्येंद्र कुमार सिंह ने बताया कि शावक की मृत्यु कैसे हुई इसकी सही जानकारी पोस्टमार्टम के बाद ही हो पाएगी। मृत शावक की उम्र लगभग एक वर्ष की है। वहीं डीएफओ संजीव कुमार सिंह ने बताया कि शावक का शव मिलना इस क्षेत्र में तेंदुओं की मौजूदगी को स्पष्ट कर रहा है। वन कर्मियों को इनकी सुरक्षा के लिए तत्पर रहने का निर्देश दिया गया है।