दुद्धी के भाजपा विधायक रामदुलार गोंड पतिवार को भी कोई फैसला नहीं हो सका। विधायक की ओर से जिला जज के समक्ष प्रार्थना पत्र देकर सुनवाई को दूसरे कोर्ट में ट्रांसफर करने की अपील की गई है। फिलहाल जिला जज ने इस पर कोई निर्णय नहीं दिया गया है। मामले की अगली तारीख 17 अक्तूबर नियत की है। अभियोजन पक्ष के मुताबिक म्योरपुर थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी व्यक्ति ने दुद्धी से भाजपा विधायक रामदुलार गोंड पर अपनी नाबालिग बहन के साथ डरा धमका कर दुष्कर्म करने का आरोप लगाते हुए मुकदमा दर्ज कराया था। घटना वर्ष 2014 की है। तब रामदुलार गोंड की पत्नी गांव की प्रधान थीं। पुलिस ने विवेचना के बाद कोर्ट में चार्जशीट दाखिल किया था। विधायक के अधिवक्ता को न्याय न मिलने का अंदेशा इस मामले में अपर जनपद एवं सत्र न्यायाधीश की अदालत में सुनवाई पूरी हो चुकी है। इस पर बृहस्पतिवार को फैसले की तिथि तय थी। माना जा रहा था कि दोपहर बाद केस में महत्वपूर्ण फैसला आ सकता है। --- इससे पहले ही दुद्धी विधायक की ओर से उनके अधिवक्ता ने जिला जज के समक्ष प्रार्थना पत्र देकर न्याय न मिलने का अंदेशा जताते हुए मुकदमे को सुनवाई के लिए किसी अन्य कोर्ट में ट्रांसफर करने की अपील की। इस अपील पर कोई निर्णय न होने की दशा में अपर जनपद एवं सत्र न्यायाधीश की कोर्ट ने मामले में निर्णय के लिए 17 अक्तूबर की तिथि तय की है। पीड़ित पक्ष भी दे चुका है प्रार्थना पत्र इससे पहले इस मुकदमे में अंतिम सुनवाई के दौरान ही गत मार्च माह में पीड़ित पक्ष की ओर से भी प्रार्थना पत्र देकर केस दूसरे कोर्ट में ट्रांसफर करने की गुहार लगाई जा चुकी है। इसके बाद ही अपर जनपद एवं सत्र न्यायाधीश-द्वितीय राहुल मिश्र की कोर्ट से मुकदमे को अपर जनपद एवं सत्र न्यायाधीश की कोर्ट में ट्रांसफर किया गया था।