बभनी। हाथियों का झुंड इन दिनों यूपी, छत्तीसगढ़ और मध्यप्रदेश के जंगलों और गांवों में घुसकर उत्पात मचाना शुरू कर दिए हैं। पिछले साल हाथियों का दल अक्टूबर और नवंबर महीने में बभनी तथा जरहां रेंज में काफी उत्पात मचाने के साथ ही गांवों में किसानों की फसलों को काफी नुकसान किया था। इस वर्ष अगस्त महीने में ही हाथियों का झुंड पहुंच गया।
वन क्षेत्राधिकारी जरहां जहीर मिर्जा ने बताया कि यह हाथी छत्तीसगढ़ के सेंचुरी एरिया में रहते हैं। सेंचुरी एरिया से हाथियों के निकलने का कारण आपस में दुराव, खाने की समस्या है। कहा कि महुआ का फूल, शराब दूर रखें। उसकी महक से ही हाथी घरों में पहुंचते हैं। यही वजह है कि उसे खाने के लिए ही हाथी घरों में घुसने का प्रयास करते हैं। जहां हाथियों का समूह एक बार आ जाता है, वहां बार बार आना चाहते हैं। विशेष कर महुआ का फूल और उससे बनी सामग्री उनको ज्यादा खींचता है। इन सब से बचने के लिए जागरूक होने की आवश्यकता है। वन क्षेत्राधिकारी ने कहा कि हाथियों से छेड़खानी न करें, हमेशा समूह में रहें। घर के आसपास अलाव जलाकर रखें, इससे हाथी दूर भागते हैं। बता दें कि पिछले वर्ष हाथियों का झुंड महीने भर बभनी और जरहा रेंज में पहुंच कर उत्पात मचाया था। वहीं हाथियों का दल वर्तमान में मध्यप्रदेश के गोभा क्षेत्र के कोडार के जंगल में होने की सूचना है।