जिला स्वच्छता समिति की शुक्रवार को कलेक्ट्रेट सभागार में हुई बैठक में सामुदायिक सोख्ता गड्ढा निर्माण की धीमी प्रगति पर डीएम ने तीन ब्लाकों के एडीओ वेतन भुगतान पर रोक लगा दी। उन्हें प्रतिकूल प्रविष्टि देने का भी निर्देश दिया। ग्राम पंचायतों में सभी कार्यों को तय समय सीमा में शीघ्र पूरा कराने को कहा।
डीएम चंद्र विजय सिंह ने समीक्षा के दौरान डीपीआरओ से जिले की ग्राम पंचायतों में सामुदायिक शौचालय के निर्माण की प्रगति व जीओ टैंगिंग की जानकारी ली। डीपीआरओ ने बताया कि 629 ग्राम पंचायतों में से 625 सामुदायिक शौचालय का निर्माण पूर्ण कराकर जीओ टैंगिंग की जा रही है। शेष 616 सामुदायिक शौचालयों को एनआरएलएम के समूहों को हैंडओवर कर दिया गया है। उनके माध्यम से शौचालय की देखरेख की जा रही है। डीएम ने निर्देशित किया कि सामुदायिक शौचालय सुबह आठ बजे से खुल जाएं, जिससे सुलभ शौचालय का उपयोग हो सके। बैठक में डीएम ने सामुदायिक सोख्ता गड्ढा के प्रगति की जानकारी ली। कोन में 2.58 प्रतिशत, घोरावल में 4.3 प्रतिशत, चतरा में 7.6 प्रतिशत सोख्ता गड्ढे का निर्माण कार्य अब तक हो पाया है। प्रगति धीमी होने पर कड़ी नाराजगी जताते हुए तीनों ब्लाक के एडीओ पंचायत का वेतन रोकते हुए प्रतिकूल प्रविष्टि देने का निर्देश दिया। डीएम ने कहा कि ग्राम पंचायतों के विकास से संबंधित जो भी योजनाएं हैं, उसे निर्धारित समय में पूरी कर लिया जाए। स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के अंतर्गत व्यक्तिगत सोख्ता गड्ढा और सामुदायिक सोख्ता गढ्ढा के निर्माण का कार्य में तेजी लाएं। उन्होंने डीपीआरओ को इन कार्यों का प्रभावी क्रियान्वयन कराने को कहा। लापरवाही बरतने पर कार्रवाई की भी चेतावनी दी। बैठक में सीडीओ डॉ. अमित पाल शर्मा, डीडीओ रामबाबू त्रिपाठी, डीपीआरओ विशाल सिंह, डीपीओ अजीत सिंह, विनय सिंह, सदर ब्लाक प्रमुख अजीत रावत आदि मौजूद रहे।