तकनीकी कारणों से अनपरा की पहली इकाई से विद्युत उत्पादन ठप हो गया। दूसरी इकाई के बाद पहली के भी बंद हो जाने से परियोजना का उत्पादन गिरकर दो हजार मेगावाट के भी नीचे आ गया है।
तकनीकी कारणों से अनपरा की 210 मेगावाट की पहली इकाई शुक्रवार को ट्रिप कर गई। जबकि 210 मेगावाट की ही दूसरी इकाई बृहस्पतिवार से ही बंद चल रही है। ऐसे में 420 मेगावाट की दो इकाइयों के बंद हो जाने से परियोजना के उत्पादन में गिरावट दर्ज की गई है। शुक्रवार शाम तक अनपरा ए से 147, बी से 908, डी से 947 व निजी क्षेत्र की लैंको परियोजना से 1142 मेगावाट उत्पादन किया जा रहा था। पीक ऑवर में रिहंद हाइड्रो के पांच टरबाइनों को लोड पर लिया गया है। इस दौरान तीन दिनों से प्रदेश में बिजली की मांग 16 हजार मेगावाट के इर्द गिर्द बनी हुई है। शुक्रवार सुबह अधिकतम मांग 16135 मेगावाट दर्ज की गई। शाम को पीक ऑवर में भी मांग 14 हजार मेगावाट के करीब पहुंच गई थी।