सोनभद्र। जिले में उर्वरक के लिए सहकारी समितियों पर जहां मारामारी मची हुई है और प्रशासन को पुलिस की निगरानी में उर्वरक की बिक्री करानी पड़ रही है। वहीं जिले के कुछ दुकानदार उर्वरकों की कालाबाजारी में जुटे हुए हैं। इसका खुलासा चार दिन पूर्व जिले से सटे छत्तीसगढ़ में कालाबाजारी के लिए ले जाई जा रही 650 बोरी यूरिया को पुलिस द्वारा पकड़ने से हुआ है। जांच करने पर यह उर्वरक बभनी के दुकानदार की निकली। कृषि विभाग उर्वरक को कालाबाजारी के लिए बेचने वाले दुकानदार के विरुद्घ कार्रवाई करने में जुट गई है।
जिलाधिकारी के निर्देश पर कृषि विभाग और तहसील स्तर के अधिकारी यूरिया की कालाबाजारी करने वालों पर पैनी नजर रखे हुए हैं। इसके बावजूद कुछ दुकानदार यूरिया को गैर प्रांत भेजने में कामयाब हो जा रहे हैं। इसका खुलासा बृहस्पतिवार की शाम बसंतपुर पुलिस ने यूरिया से लदे एक ट्रक को पकड़ कर किया है। ट्रक पर 650 बोरी यूरिया लदी थी, जिसकी कीमत करीब 1 लाख 54 हजार 7 सौ 61 रुपए है। पड़ोसी राज्य में उर्वरक पकड़ने की खबर मिलते ही डीएम एस. राज लिंगम ने कृषि अधिकारी को जिले के किस दुकानदार द्वारा यूरिया भेजी गई थी इसकी जांच कर रिपोर्ट भेजने के लिए कहा है। उधर जिला कृषि अधिकारी ने कहा कि यूरिया की किल्लत को दूर करने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। चेतावनी देते हुए कहा कि निर्धारित रेट से अघिक दर पर उर्वरक, बीज बेचने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।