रेउसा/रामपुर मथुरा (सीतापुर)। रामपुर मथुरा व रेउसा इलाके में शारदा व सरयू नदी के जलस्तर में शुक्रवार को मामूली वृद्धि हुई। इससे कई संपर्क मार्गों पर पानी आ गया है। हालांकि, गांवों में अभी पानी नहीं पहुंचा है। बाढ़ से प्रभावित लोगों ने राहत सामग्री न मिलने की बात कही है। वहीं जिला प्रशासन का कहना है जलस्तर पर बराबर नजर बनाए रखी जा रही है।
रामपुर मथुरा क्षेत्र में सरयू नदी के जलस्तर में मामूली बढ़ोतरी हुई है। फत्तेपुरवा के मजरे अटौरा में लगे वाटरगेज पर पानी का लेवल 118.30 सेंटीमीटर दर्ज किया गया। बीती रात लगभग 10 सेंटीमीटर पानी बढ़ गया। अभी लोगों के घरों तक पानी नहीं पहुंचा है लेकिन गांव के रास्तों पर पानी भरने लगा है।
कटान होने से अखरी व अंगरौरा के ग्रामीण दहशत में हैं। अंगरौरा व अखरी गांव इस वर्ष कटान की जद में हैं। अखरी गांव को जाने वाली मुख्य सड़क बाबा कुटी के पास काफी गहराई तक कट गई है। ग्रामीणों ने डीएम व एसडीएम से इस सड़क को दुरुस्त कराने की मांग की है। जलस्तर बढ़ने से इस कटी हुई सड़क में जलभराव के साथ तेज बहाव होने से यह मार्ग बंद हो गया है।
अखरी व अंगरौरा गांव के लोगों ने बताया कि प्रशासन द्वारा उन्हें राहत सामग्री व राशन किट अभी तक नहीं मिली है। क्षेत्र की अंगरौरा व अखरी गांव के सोहन, राममिलन, सेमऊ, प्रेम, सर्वजीत व पिंटू आदि ने बताया कि लेखपाल का कहना है कि आपको बाद में दिया जाएगा।
एसडीएम महमूदाबाद रामदरस राम ने बताया कि जलस्तर कम होने व रास्ते से पानी हटने के बाद मरम्मत शुरू करवाई जाएगी। उन्होंने बताया कि लेखपाल द्वारा बनाई गई सूची के अनुसार राशन किट का वितरण पूर्ण हो चुका है। यदि कोई वंचित परिवार जानकारी में आता है तो उसकी जांच करवाकर राशन किट दी जाएगी।
वहीं, रेउसा इलाके में पासिनपुरवा, चौकीपुरवा, कम्हरिया शेखूपुर गांव से करीब 10 मीटर दूर तक नदी का पानी बह रहा है। जलस्तर बढ़ने से लोग आशंकित हैं। तहसीलदार अभिचल प्रताप सिंह ने बताया कि गांवों का भ्रमण करके जलस्तर देखा जा रहा है। अभी बाढ़ जैसे हालात नहीं हैं।