छात्राओं ने मांग की है कि जीएनएम से पासआउट छात्राओं को भी परीक्षा व साक्षात्कार में हिस्सा लेने का मौका मिलना चाहिए।
तमाम हिदायत के बावजूद स्कूल प्रबंधन अभिभावकाें का शोषण करने से बाज नहीं आ रहा हैं। वह निर्धारित दुकानों से स्टेशनरी खरीदने को मजबूर कर रहे हैं। अभिभावकाें की शिकायत पर जिलाधिकारी अमृत त्रिपाठी ने सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। इस पर बीएसए ने शहर के स्टडीवेल पब्लिक स्कूल व सुमित्रा मॉडर्न स्कूल को नोटिस जारी किया है। तीन दिन में जवाब-तलब किया है।
शहर निवासी रामआसरे यादव का कहना है कि शहर के स्टडीवेल पब्लिक स्कूल में उनके तीन बच्चे पढ़ रहे हैं। स्कूल प्रबंधन द्वारा स्टेशनरी खरीदने के लिए जगह फिक्स कर दी गई है। बच्चों को अधिक रजिस्टर खरीदने के लिए मजबूर किया जा रहा है। इसके अलावा अधिक मूल्य पर किताबें बेची जा रही हैं।
खरीदारी न करने पर भविष्य खराब करने की धमकी दी जा रही है। इसी प्रकार सुरेश कुमार का कहना है आर्यनगर के सुमित्रा मॉडर्न स्कूल निर्धारित दुकान से कॉपी किताबें बेची जा रही है। अभिभावकों को इसी दुकानें से खरीदने के लिए बाध्य किया जा रहा है। यहां और दुकानों की अपेक्षा महंगे दामों पर किताबें बिक रही हैं।
अगर दूसरी दुकान से स्टेशनरी खरीद ली जाए तो टीचर उन्हें वापस कर देते हैं। स्कूल मोटी कमाई के चक्कर लगातार शोषण कर रहे हैं। शिकायतों को संज्ञान में लेते हुए जिलाधिकारी ने बीएसए को कार्रवाई करने के निर्देश दिए है। जिस पर बीएसए ने दोनो कॉलेजों को नोटिस जारी किया है। स्कूल प्रबंधन को तीन दिन के अंदर जवाब दाखिल करने के निर्देश दिए हैं।
जवाब मिलने पर होगी कड़ी कार्रवाई
अभिभावकों की शिकायत पर स्टडीवेल व सुमित्रा मॉडर्न स्कूल को नोटिस जारी किया गया है। जवाब आने के बाद कार्रवाई की जाएगी।
संजीव सिंह, बीएसए