सीतापुर। अपर सत्र न्यायाधीश राममणि पाठक ने दहेज हत्या के एक मामले में आरोपी पति को सात वर्ष के सश्रम कारावास व मृतका के तीन अन्य ससुरालीजनों को दो-दो वर्ष के साधारण कारावास की सजा सुनाई है। अभियोजन पक्ष की ओर से इस मुकदमे की पैरवी सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता संतोष शुक्ला द्वारा की गई।
गौरतलब है कि रेउसा थाना क्षेत्र के ग्राम कुसमौरा निवासी रफीक की शादी कयामुद्दीन की पुत्री आसमां खातून के साथ हुई थी। दहेज में मोटरसाइकिल की मांग को लेकर उसके ससुरालीजन उसे प्रताड़ित करते थे। इसी बीच 25/26 अप्रैल 2013 की रात आसमां की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। इस मामले में रफीक के अलावा उसके पिता रसूल अहमद, भाई रईस व मां सजुरुनिशां के खिलाफ प्रथम सूचना रिपोर्ट कयामुद्दीन ने दर्ज कराई थी।
विचारण के दौरान आए साक्ष्य को सही पाते हुए न्यायाधीश ने आरोपी पति रफीक को सात वर्ष के सश्रम कारावास व शेष आरोपियों को दो-दो वर्ष के कारावास की सजा सुनाई।