सीतापुर। तराई इलाके में शारदा व सरयू नदी का कहर जारी है। रेउसा में बाढ़ के पानी में डूबने से एक बच्चे की मौत हो गई। दो लोगों को पुलिस ने डूबने से बचा लिया। दो गांवों के करीब 170 घर कटने से उनका अस्तित्व मिट गया है।
शारदा व सरयू नदी के जलस्तर में कमी आई है। लेकिन जहांगीराबाद इलाके में बह रही किवानी, चौका व ककरहिया नाले में अचानक पानी बढ़ गया है। ककरहिया नाले के पास बने रपटा पुल के ऊपर पानी चल रहा है। अगर ऐसे ही पानी बढ़ता रहा तो सीतापुर व बहराइच मुख्य मार्ग ठप हो सकता है। पीएचसी व पशु चिकित्सालय जहांगीराबाद के अंदर पानी पहुंच गया है।
चौका का जलस्तर बढ़ने से 20 से अधिक गांवों के घरों में पानी आ गया है। तंबौर इलाके में जलस्तर घटने पर बाढ़ के पानी में डूबे अधेड़ का शव दो दिन बाद बरामद हुआ। जलस्तर कम होने के बाद तहसील के अफसर गांव पहुंचे। जनप्रतिनिधियों ने पीड़ितों को राहत सामग्री वितरित की। रेउसा इलाके में खुरलिया से कटरा किशोरगंज करीब आठ किलोमीटर मार्ग पूरी तरीके से कट गया है।
रेउसा थाना क्षेत्र के सोनावा के मजरा भठ्ठापुरवा निवासी अवधराम के दो पुत्र अखिलेश (12), लवकुश (7) व गांव का ही एक बालक राजकिशोर (15) गांव के बाहर खेत देखने गए थे। वहां पर चौका नदी के बढ़े जलस्तर के कारण डूब गए। आस पड़ोस के लोगों ने तीनों बालकों को डूबने से बचाने का प्रयास किया। लवकुश व राजकिशोर को बचा लिया पर अखिलेश की मौत हो गई है।
रपटा पुल पर बहने लगा पानी
जहांगीराबाद। एक ओर शारदा व सरयू नदी के जलस्तर में कमी आ रही है, वहीं जहांगीराबाद के समीप बह रही किवानी, चौका व ककरहिया नाले के जलस्तर में अचानक वृद्धि हो रही है। भंभुवा गांव पूरी तरह टापू बना हुआ है। सभी रास्तों पर कमर से ऊपर पानी बह रहा है।
इसी तरह नानकार, बजेहरा, रेवनिया, रेवान, तिलरवा, पटनी, पटना, गोधनी सरैंय्या, आमगौरिया, अमिरती, बसुदहा, ओरीपुरवा, आंबा, धनावा, अहरोरी, कोठिला, त्रिलोकपुर व देवरिया खुर्द व छठवान सहित तमाम गांवों में पानी भर रहा है। सबसे व्यस्ततम सीतापुर-बहराइच मार्ग पर जहांगीराबाद के निकट ककरहिया नाले पर बने रपटा पुल पर भी पानी भरने लगा है। अगर इसी तरह पानी बढ़ता रहा तो यह मार्ग भी अवरुद्ध हो जाएगा। जहांगीराबाद पीएचसी व पशु चिकित्सालय के अंदर तक पानी पहुंच गया है।