सीतापुर। आंगनबाड़ी केंद्रों पर पंजीकृत बच्चों को अब बैठने के लिए बेहतर सुविधाएं मिलेंगी। किराए व स्कूलों के भवनों में चल रहे आंगनबाड़ी केंद्रों का अपना भवन होगा। जिले में 502 आंगनबाड़ी केंद्रों का निर्माण कराया जाएगा। इन पर करीब 60 करोड़ रुपये खर्च होंगे। निर्माण के लिए तीन विभागों से धनराशि उपलब्ध कराई जाएगी। एक विभाग की ओर से 10 करोड़ की धनराशि जारी कर दी गई है। उम्मीद है जल्द निर्माण शुरू हो जाएगा।
शहर सहित सभी ब्लॉकों में 20 बाल विकास परियोजना दफ्तरों का संचालन किया जा रहा है। इनके अधीन 4232 आंगनबाड़ी केंद्र संचालित हैं। अधिकांश केंद्रों प्राइमरी स्कूल सहित अन्य स्थानों पर संचालित हो रहे हैं। अब शासन ने आंगनबाड़ी केंद्रों के निर्माण के लिए स्वीकृति दे दी है। इसी के तहत इस साल 502 नए आंगनबाड़ी केंद्रों का निर्माण कराया जाएगा। विभाग ने इसकी स्वीकृति दे दी है। बाल विकास विभाग ने अपना अंश करीब 10 करोड़ रुपये भी जारी कर दिया है।
12 लाख से बनेगा एक भवन
एक आंगनबाड़ी केंद्र का निर्माण 12 लाख रुपये से किया जाएगा। इस धनराशि को तीन विभाग उपलब्ध कराएंगे। बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग प्रति केंद्र दो लाख रुपये देगा। इसी तरह पंचायती राज विभाग दो लाख और मनरेगा से आठ लाख रुपये खर्च किए जाएंगे।
858 केंद्र अपने भवन में चल रहे
विभाग का दावा है कि 858 आंगनबाड़ी केंद्र अपने भवनों में चल रहे हैं। वर्ष 2022-23 में 94 केंद्र स्वीकृत किए गए। इसी तरह साल 2016-17 में 467 आंगनबाड़ी केंद्र, वर्ष 2018-19 में 132 केंद्रों सहित अन्य वर्षों में केंद्रों का निर्माण कराया गया।
जल्द शुरू होगा निर्माण
502 नए आंगनबाड़ी केंद्रों का निर्माण कराया जाएगा। इसकी अनुमति विभाग की ओर से दी गई है। प्रति केंद्र दो लाख रुपये स्वीकृत किए गए हैं। शीघ्र ही औपचारिकताएं पूर्ण कर निर्माण कार्य प्रारंभ कराया जाएगा।
मनोज कुमार राव, जिला कार्यक्रम अधिकारी