उत्तर प्रदेश में बड़ी हसरतों से जिन चचेरे भाइयों की कलाइयों पर राखी बांधने के लिए बहन ससुराल से आई थी, उन्हीं भाइयों ने संपत्ति के लालच में रक्षाबंधन से पहले की रात उसे गोलियों से भून डाला।
उसकी दुधमुंही बच्ची और मां गंभीर रूप से जख्मी हुई हैं। घायलों को लखनऊ रेफर किया गया है। पुलिस ने हत्यारोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है।
प्राप्त जानकारी के मुताबिक, ईसानगर थाना क्षेत्र के महादेवपुरवा (कफारा) निवासी कमलाकांत की पत्नी सीता (30) का सगा भाई कई साल से लापता है। वह चचेरे भाइयों को राखी बांधने के लिए तीन रोज पहले ही बच्ची को लेकर गांव लाखुन स्थित अपने मायके आई थी।
मंगलवार रात सीता अपनी बेवा मां रामेश्वरी और बच्ची के साथ सो रही थी। आरोप है कि इस बीच रामेश्वरी के भतीजे निशा और लालू पुत्रगण चंद्रभाल ने उन पर असलहों से ताबड़तोड़ हमला कर दिया।
गोली लगने से सीता की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उसकी बच्ची और 60 वर्षीय मां रामेश्वरी गंभीर रूप से जख्मी हो गईं। हमलावर तीनों को मरा समझकर भाग गए।
घायलों को सुबह ग्रामीणों की मदद से जिला अस्पताल पहुंचाया गया। डॉक्टरों ने घायलों की दशा गंभीर देखकर उन्हें लखनऊ रेफर किया है।
पुलिस क्षेत्राधिकारी अरविंद मिश्रा ने थानाध्यक्ष ईसानगर राजकुमार सिंह यादव के साथ घटनास्थल का मुआयना किया। सीओ ने बताया कि परिवार और गांव वालों से हुई बातचीत में मामला संपत्ति विवाद का लग रहा है।
क्योंकि सगे भाई के चार साल पहले लापता होने के बाद सीता ही अपने पिता की साढ़े 12 बीघा जमीन और मकान की अकेली वारिस बची थी।
जिला मुख्यालय पर एसपी प्रशांत कुमार ने बताया कि आरोपी और मृतका के परिवार वाले एक ही जगह रहते हैं। मुख्य हत्यारोपी की शादी भी मृतका की सगी ननद से हुई है। शीघ्र ही आरोपी गिरफ्तार कर जेल भेजे जाएंगे।