सिद्धार्थनगर। शहर से पकड़ी और निर्माणाधीन उसका बाईपास तक सड़क निर्माण होने से राहगीरों को आवागमन में राहत मिल गई है। एक वर्ष से निर्मित हो रहे एनएच-730 और उससे पहले टूटी सड़क के गड्ढों के चलते वाहन चालकों को बहुत दिक्कत झेलनी पड़ रही थी। अब पुल, पुलिया निर्माण स्थलों को छोड़ सड़क के शेष भाग के निर्माण से आवागमन सुगम हो गया है। साथ ही उड़ती धूल, बिखरी गिट्टियों और सड़क के गड्ढों के हिचकोलों से राहत मिल गई है।
पिछले पांच वर्ष से शहर से उसका बाजार तक टूटी सड़क के गड्ढों में हिचकोले खाते गुजर रहे वाहन चालकों को हाईवे निर्माण की स्वीकृति से बेहतर सड़क से आवागमन की आस जगी थी, लेकिन निर्माण में देरी और एक वर्ष से पुरानी सड़क तोड़कर बिछाई गई गिट्टियों के चलते राहगीरों और आसपास के लोगों को बेहद दुश्वारियां झेलनी पड़ी। पकड़ी चौराहे के व्यवसायी जटाशंकर अग्रहरि कहते हैं कि निर्माणाधीन सड़क पर बिखरी गिट्टियों के चलते उड़ रही धूल से आसपास की दुकानें पट जाती थी, जिसके चलते दुकानदार व ग्राहकों को बहुत सांसत होती थी। अब सड़क निर्माण होने से इन समस्याओं से राहत मिल गई है।
एनएचएआई के एई जयशंकर सिंह ने कहा कि कार्यदायी संस्था को गुणवत्तापूर्ण तरीके से एवं समय से निर्माण कार्य पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं।