शाहपुर। नवीन मंडी समिति सहियापुर में आढ़ती मजदूर पांच दिन से हड़ताल पर हैं। उनकी मांग है कि उनकी मजदूरी में 20 प्रतिशत की बढ़ोत्तरी की जाए। कई सालों से आढ़ती उनकी मजदूरी में कोई इजाफा नहीं किए हैं। जिससे परिवार पालना मुश्किल हो गया है।
डुमरियागंज तहसील क्षेत्र के सहियापुर नवीन मंडी समिति पर सन्नाटा पसरा हुआ है। मजदूर न तो यहां धान की तौल कर रहे हैं और न ही ट्रकों पर लदाई का काम कर रहे हैं। यहां पर काम करने वाले मजदूरों को प्रति बोरा या कुंटल तौलने व लादने की मजदूरी पिछले कई सालों से एक ही रेट निर्धारित कर मंडी समिति के आढ़ती दे रहे हैं। मजदूर संजय और लक्ष्मण ने कहा कि यहां व्यापारी मजदूरों का खुलेआम शोषण कर रहे हैं। दिन भर हाड़तोड़ मेहनत करने के बाद कम मजदूरी मिलने से परिवार का पेट भी नहीं भरता है। मजदूर चिनकाऊ, किशन, गोपाल, केशवराम आदि लोगों ने बताया कि धान के तौल के लिए 10 रुपये प्रति बोरा मजदूरी दी जाती हैं। वहीं लदाई के एवज में महज 5 रुपये मिलते हैं। इतना ही नही व्यापारी मजदूरों को डरा धमकाकर रात में भी गेहूं और चावल की लोडिंग कराते हैं।
लेबर यूनियन ने रात में आठ बजे के बाद लोडिंग बंद करने का फैसला किया है। साथ ही मजदूरी में 20 प्रतिशत की बढ़ोत्तरी मंाग की है। वहीं मंडी समिति के आढ़ती व्यापारी शिवपूजन गुप्ता ने बताया कि मजदूरों को सभी जगहों से अधिक मजदूरी दी जाती है। हड़ताल करना मजदूरों की मनमानी हैं। हड़ताल करने वालों में धूमे, राजकुमार, भगत, सत्तन, आजाद, अशोक, पप्पू, शादिक, करीम, चिन्कू, नरायण, प्रदीप, रामशंकर, तुलसीराम, अवधराम, जगदेव, हरीराम, गोपाल, दिनेश, मनोहर, जोखई आदि मजदूर शामिल हैं।