सिसवां बुजुर्ग में बिजली न होने पर सो रहे छोटे भाई को पंखा झलता मासूम।
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सिद्धार्थनगर। पिछले गई दिनों से तापमान लगातार बढ़ रहा है। रविवार को अधिकतम तापमान 44 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गए। ऐसे में लोग गर्मी से परेशान रहे। तेज गर्मी में बिजली कटौती ने आग में घी का काम किया। ऐसे में लोगों ने हाथ के पंखे या छायादार स्थान का सहारा लिया। फिलहाल आगामी कुछ दिनों तक गर्मी से निजात के आसार नहीं दिख रहे हैं। दिन में घर से वे ही लोग निकल रहें जिन्हें आवश्यक कार्य हो रहा है। तेज धूप के कारण दोपहर में नगर की मुख्य सड़कों पर सन्नाटा छाया रहा। जो सड़क पर दिखा व या तो मुहं बांधे हुए था या फिर धूप से बचने के लिए छतरी लेकर चलता हुआ दिखा।जिला कृषि अधिकारी सीपी सिंह ने बताया कि किसान शाम के वक्त ही धान की बेहन डालें। इससे पूर्व सिंचाई के लिए पर्याप्त इंतजाम कर लें। जिले में एक सप्ताह बाद मानसून आने की संभावना है। इससे पूर्व तीन से पांच दिन में प्री मानसून संभावित है। ऐसे में आगामी तीन-चार गर्मी तेज रहेगी।
ज्यादा पानी पीएं और कम निकले धूप में
जिला अस्पताल में तैनात डॉ. सीबी चौधरी ने बताया कि गर्मी के मौसम में ज्यादा से ज्यादा पानी पीएं और धूप में कम निकले। बच्चों को धूप में बिल्कुुल न जाने दें। लू से बचाएं। पूरे कपड़े पहनें। बच्चों और बड़े दोनों लोग ग्लूकोज की मात्रा बढ़ा दें।
इस प्रकार से बढ़ रहा है तापमान
तिथि अधिकतम न्यूनतम
10 जून 40 29
11 जून 41 30
12 जून 42 30
13 जून 41 29
14 जून 42 31
15 जून 42 30
16 जून 44 32
सड़कें सूनी
इटवा प्रतिनिधि के अनुसार, सुबह 10 बजे से सांय पांच बजे तक व्यस्त रहने वाली इटवा-डुमरियागंज, बढनी- इटवा, बांसी-बिस्कोहर, दुपेड़उवा, जिगिना, सेमरी मार्ग सहित इटवा-बेलवा, होरिलापुर मार्ग की सड़कें गर्मी से दोपहर में सूनी हो जाती हैं। सीएचसी इटवा के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. वीके वैद्य भी इन गर्मियों में आवाजाही से परहेज करने की सलाह देते हैं। उनका कहना है कि लोगों को चाहिए कि विशेष परिस्थितियों को छोड़कर लोग धूप में न निकले।