वीरपुर के पास मल्हीपुर भिनगा मार्ग पर बह रहा बाढ़ का पानी। -संवाद
श्रावस्ती/तुलसीपुर। नेपाल के पहाड़ों पर हुई झमाझम बारिश से मंगलवार को राप्ती नदी ने रौद्र रूप धारण कर लिया। भिनगा-मल्हीपुर मुख्य मार्ग लगभग 10 मीटर कटकर नदी की धारा में समाहित हो गया। आधा दर्जन गांवों में पानी घुस गया है। जिला प्रशासन की ओर से राहत और बचाव कार्य शुरू कर दिए गए हैं। रात तक एक दर्जन से अधिक गांवों में पानी घुसने की आशंका जताई जा रही है।
सोमवार को खतरे के निशान 127.70 से 70 सेमी ऊपर बह रही राप्ती नदी ने मंगलवार सुबह सैकड़ा पार कर दिया। शाम होते-होते राप्ती खतरे के निशान से 145 सेंटीमीटर ऊपर पहुंच गई। इससे जमुनहा तहसील के वीरपुर, लौकिहा, सलारूपुरवा, शिकारी, हरिहरपुर सहित आधा दर्जन गांवों में पानी घुस गया।
वीरपुर जाने वाले मार्ग पर आवागमन ठप हो गया। सड़क पर लगभग एक फुट पानी बह रहा है। राप्ती में लगातार बढ़ रहे पानी के चलते कथरा माफी, बरंगा, ऐठा, जोगिया, लक्ष्मनपुर, सेमरहनिया, भगवानपुर सहित एक दर्जन गांवों पर भी बाढ़ का खतरा मंडराने लगा है। इन गांवों में रहने वाली 20 हजार से अधिक की आबादी डर के साए में है।
आठ घंटे में 115 सेमी बढ़ गया जलस्तर
राप्ती नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। राप्ती बैराज प्रभारी के मुताबिक जलस्तर मंगलवार सुबह आठ बजे 128 मीटर दर्ज किया गया था, जो नौ बजे बढ़कर 128.50, 11 बजे 128.80, दोपहर दो बजे 129.10 और चार बजते-बजते 129.15 मीटर पहुंच गया।