शामली। स्कूल-कॉलेजों में ग्रीष्मकालीन अवकाश होने के कारण कोरोनारोधी टीकाकरण की रफ्तार धीमी पड़ गई है। अब टीकाकरण सिर्फ सीएचसी और जिला अस्पताल तक ही सिमटकर रह गया है। स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि अब ज्यादा से ज्यादा लोगों को जागरूक कर टीकाकरण बढ़ाने के लिए प्रेरित किया जाएगा। जिले में 12 से 14 साल के किशोरों को 74 दिन में पहली डोज का 77.31 प्रतिशत टीकाकरण हो पाया है।
सरकार ने करीब 15 दिन पहले किशोरों को कोरोनारोधी टीकाकरण बढ़ाने के आदेश दिए थे। इसके बाद स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने टीकाकरण की गति बढ़ाने के लिए स्कूलों की तरफ रूख किया था। इसके बाद टीकाकरण में तेजी आई थी। जिले में तीन जनवरी को 15 से 17 साल के और 16 मार्च से 12 से 14 साल के किशोरों को टीकाकरण की शुरूआत हुई थी। 15 से 17 साल के किशोरों को टीकाकरण लक्ष्य केे पार कर 104.26 प्रतिशत हो चुका है जबकि 12 से 14 साल के किशोरों को 74 दिन में 77.31 प्रतिशत टीकाकरण हो पाया है। 18 साल से अधिक आयु के लोगों को भी लक्ष्य को पार कर 103.41 प्रतिशत टीके की पहली डोज लग चुकी है। शनिवार को 12 से 14 साल के 1009 किशोरों को पहली और 946 किशोरों को दूसरी डोज लगी है।
अब स्कूल-कॉलेजों में ग्रीष्मकालीन अवकाश शुरू हो गया है, जिस कारण अब वहां टीकाकरण नहीं होने से रफ्तार धीमी पड़ गई है। अब जिले की सभी छह सीएचसी, जिला अस्पताल आदि स्थानों पर ही टीकाकरण हो रहा है। जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. राजकुमार सागर ने बताया कि स्कूल-कॉलेजों में अवकाश होने से टीकाकरण प्रभावित हुआ है। 12 से 14 साल के किशोरों को टीकाकरण बढ़ाने के लिए शहर, कस्बों औरगांव देहात में लोगों से संपर्क कर टीकाकरण बढ़ाने के लिए जागरूक किया जा रहा है।
टीकाकरण बढ़ाने में स्कूल-कॉलेजों की रही भूमिका
तीन जनवरी से 15 से 17 साल के किशोरों को टीकाकरण शुरूआत में धीमा रहा था, लेकिन बाद में स्कूल-कॉलेजों में स्वास्थ्य विभाग ने बूथ बनाकर टीकाकरण शुरू किया तो टीकाकरण तेजी से हुआ था और पहले महीने में टीकाकरण 70 प्रतिशत के करीब हो गया था। दूसरे महीने में टीकाकरण लक्ष्य के करीब पहुंच गया था।
जिले में टीकाकरण की स्थिति
वर्ग - लक्ष्य - पहली डोज - दूसरी डोज
18 साल से अधिक - 938154 - 970152 - 839420
15 से 18 साल - 95970 - 100059 - 94036
12 से 14 साल - 57963 - 44812 - 15228