फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

यूपी-हरियाणा सीमा विवाद: हाईकोर्ट के आदेश पर पिलर लगाने के लिए निशानदेही शुरू, हर बार होता है खूनखराबा

Thu, 14 Sep 2023 05:03 PM IST
कपिल kapil संवाद न्यूज एजेंसी, शामली

सार

Shamli News : यूपी-हरियाणा सीमा विवाद को लेकर चंडीगढ़ हाईकोर्ट ने यह आदेश जारी किया है। हाईकोर्ट के आदेश के बाद पिलर लगाने के लिए निशानदेही शुरू का कार्य शुरू कर दिया गया है।
विज्ञापन
यूपी हरियाणा सीमा विवाद - फोटो : amar ujala
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

दशकों पुराने यूपी-हरियाणा सीमा विवाद में चंडीगढ़ हाईकोर्ट के आदेश पर सर्वे ऑफ इंडिया व दोनों प्रदेशों के राजस्व विभाग की टीम ने हरियाणा के पानीपत जिले के राणा माजरा में सीमा पर 112 पिलर लगाने के लिए निशानदेही का कार्य शुरू कर दिया। निशानदेही के बाद वहां पर सीमा को दर्शांते हुए पिलर लगाए जाएंगे।

विज्ञापन


करीब 50 साल से हरियाणा यूपी सीमा विवाद चला आ रहा है। जिस कारण सीमा पर भूमि के स्वामित्व को लेकर किसानों के बीच खूनखराबा होता है। पिछले माह तहसील प्रशासन ने मवी से लगती हरियाणा सीमा पर 22 बीघा सरकारी भूमि को कब्जा मुक्त कराया था, लेकिन हरियाणा प्रशासन उक्त भूमि को अपनी बता रहा है।

यह मामला चंडीगढ़ हाईकोर्ट में होने के कारण कुछ दिन पहले चंडीगढ़ हाईकोर्ट ने सीमा पर पिलर लगाने के आदेश जारी किए थे। हाईकोर्ट के आदेशों के अनुपालन में बृहस्पतिवार को सर्वे ऑफ इंडिया चंडीगढ़ के सर्वेयर मुकेश जैन ने कैराना के राजस्व कानूनगो नरेश मलिक, हलका लेखपाल फुरकान व हरियाणा की राजस्व टीम के साथ हरियाणा के पानीपत जिले के राणा माजरा से लगती सीमा पर पिलर लगाने के लिए पिलर स्थान की निशानदेही शुरू कर दी। राणा माजरा के पास पहले चरण में 112 पिलर लगाये जाएंगे। दोनों प्रदेशों की राजस्व टीम ने सिजरे के आधार पर पैमाइश करके पिलर लगाने के स्थान की निशानदेही का कार्य शुरू कर दिया। सीमा पर पिलर लगने के बाद सीमा विवाद के हल होने की संभावना है।

इन्होंने कहा...
चंडीगढ़ हाईकोर्ट के आदेश पर सर्वे ऑफ इंडिया चंडीगढ़ द्वारा हरियाणा यूपी सीमा पर राणा माजरा के पास 112 पिलर लगाए जाएंगे। पिलर के स्थानों का चयन करने के लिए दोनों प्रदेशों के सिजरे के आधार पर पैमाइश करके निशान लगाने का कार्य शुरू कर दिया गया है। - मुकेश जैन सर्वेयर, सर्वे आफ इंडिया चंडीगढ़

शामली के मवी सीमा पर भी लगाए जाएंगे पिलर : एसडीएम
कैराना एसडीएम स्वप्निल यादव ने बताया कि पिछले माह मवी सीमा पर 22 बीघा सरकारी भूमि को कब्जा मुक्त कराया गया था। यह भूमि यूपी के राजस्व रिकॉर्ड में यूपी सरकार की है। जबकि हरियाणा प्रशासन उक्त भूमि को हरियाणा की बता रहा था। जिस कारण सर्वे ऑफ इंडिया के सर्वेयर को मवी अहतमाल में भी पिलर प्राथमिकता के साथ लगाने को कहा गया है। ताकि विवाद पर विराम लग सके।

यह भी पढ़ें: मेरठ के सरधना में बड़ी वारदात: छात्र की सरेआम गोली मारकर हत्या, सगे भाइयों ने दिया वारदात को अंजाम
विज्ञापन

क्या है यूपी हरियाणा सीमा विवाद?
यमुना नदी की धारा हरियाणा यूपी की सीमा का निर्धारण करती है। वहीं, यमुना नदी की धारा बदलने के कारण यमुना पार की जमीन यूपी आ गई और यूपी की जमीन हरियाणा में चली गई थी। जिस कारण सीमा पर विवाद बन गया। 1974 में केंद्र सरकार के निर्देश पर दीक्षित आयोग का गठन किया गया था। जिसमें दोनों प्रदेशों व केंद्र सरकार के बीच सहमति बनी थी कि यूपी के किसानों की जो जमीन यमुना पार चली गई। उस जमीन का यूपी से राजस्व से रिकॉर्ड डिलीट करके हरियाणा राजस्व रिकॉर्ड में दर्ज किया जाएगा। यमुना पार गई यूपी के किसानों की जमीन का रिकॉर्ड यूपी सरकार ने डिलीट कर दिया, लेकिन हरियाणा प्रशासन ने ऐसी जमीनों को अपने रिकॉर्ड में दर्ज नहीं किया। जिस कारण यूपी के किसानों की जमीन पर दबंग अपना कब्जा कर लेते हैं। ऐसे में सीमा पर फसल तैयार होने के समय हर बार खूनखराबा होता है।

यह भी पढ़ें: आयकर विभाग की छापेमारी:  आजम खां के करीबी के घर दूसरे दिन भी कार्रवाई जारी, टीम की बिरयानी खाते तस्वीर वायरल
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें