फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Shamli News: 1976 से 1982 तक जन्मे हजारों बुजुर्गों की जन्मतिथि एक जनवरी

विज्ञापन
विज्ञापन
महबूब अली
विज्ञापन

शामली। जिले में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण के चलते जन्म प्रमाणपत्र बनवाने के लिए लोगों की भीड़ लगातार बढ़ रही है। हैरत की बात है कि 1976 से 1982 के बीच जन्मे हजारों बुजुर्गों के प्रपत्रों में जन्मतिथि एक जनवरी दर्ज है।
उधर, उम्र संबंधी दस्तावेज अनिवार्य होने के कारण अब 50 साल से ऊपर के बुजुर्ग भी जन्म प्रमाणपत्र बनवाने के लिए तहसील पहुंच रहे हैं। लिलौन गांव के राजबीर (63 वर्ष) और काजीवाड़ा के मुनीर (68 वर्ष) सहित कई बुजुर्गों ने जन्म प्रमाणपत्र के लिए आवेदन किया है।
विज्ञापन

n भैंसानी और आसपास के गांवों की स्थिति : भैंसानी, टपराना और झिंझाना के कई गांवों में अधिकांश बुजुर्गों की जन्मतिथि एक जनवरी दर्ज है। बीएलओ पदम सिंह और फरहत अली के अनुसार, आधार कार्ड बनवाने के समय गलत तारीख दर्ज हो जाने के कारण यह स्थिति बनी। अब एसआईआर प्रपत्र में भी वही तारीख आधार कार्ड के आधार पर दर्ज की जा रही है। भैंसानी गांव के मखमूल, सत्तार और वकील के प्रपत्रों में 1971 की जन्मतिथि एक जनवरी दर्ज है। टपराना निवासी नवाब की जन्मतिथि 1 जनवरी 1978 है। वहीं झिंझाना के सदीक की जन्मतिथि 1 जनवरी 1954 दर्ज है।
विज्ञापन

इनके अलावा कैराना, जलालाबाद, थानाभवन, झिंझाना, ऊन, बाबरी में भी कई बुजुर्गों की जन्मतिथि एक जनवरी ही दर्ज की गई है। हालांकि वर्ष अलग-अलग है। संवाद
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें