शामली। जनपद में बुराई पर अच्छाई की जीत विजयदशमी का पर्व शुक्रवार को परंपरागत तरीके से हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। जिले के कांधला, बाबरी, कैराना, जलालाबाद, थानाभवन, कैडी, हसनपुर लुहारी में राम-रावण के बीच युद्ध लीला का मंचन किया गया। इसके बाद असत्य पर सत्य की जीत के प्रतीक रावण के पुतलों का दहन किया गया। जिला मुख्यालय पर हनुमानधाम पर कोरोना काल के चलते दशहरा मेले का आयोजन नहीं हुआ। रावण के पुतले का सांकेतिक दहन किया गया।
जिला मुख्यालय पर शामली में हनुमानधाम पर पिछले 51 साल से रामलीला का लगातार मंचन होता आया है। इस बार कोरोना संक्रमण के चलते रामलीला का मंचन नहीं हुआ। दशहरा के दिन हनुमानधाम पर विशाल मेला लगता था। मेले में हजारों की संख्या में लोग पहुंचते थे और राम-रावण युद्ध लीला मंचन का आनंद उठाते थे, लेकिन इस बार कोरोना की वजह से दशहरा मेले का आयोजन नहीं हुआ। रावण, मेघनाद और कुंभकर्ण के पुतलों का सांकेतिक दहन हुआ। दशहरा के दिन भीड़ से खचाखच भरा रहने वाला रामलीला परिसर और हनुमान धाम परिसर सूना पड़ा रहा। शांति एवं सुरक्षा के मद्देनजर हनुमान धाम के आसपास पुलिस बल तैनात रहा।
बाबरी के लाला जनता इंटर कॉलेज के मैदान में शुक्रवार को राम लक्ष्मण का रावण के साथ घंटों युद्ध हुआ। इसके पश्चात राम ने रावण की नाभि में धनुष-बाण मारकर रावण के पुतले का दहन किया। इस दौरान भीड़ को काबू करने के लिए पुलिस की काफी मशक्कत करनी पड़ी। इस दौरान सुधीर आर्य, गौरव टांक, अमित गुप्ता, अमित उपाध्यक्ष आदि रहे। वहीं कैडी में बंतीखेड़ा मार्ग पर रावण का पुतला दहन किया गया इस दौरान मनोज राणा, रविन्द्र राणा, प्रदीप, आशु, संदीप, पंकज कुमार आदि मौजूद रहे।
नाभि में तीर लगते ही जल उठा पुतला
जलालाबाद। कस्बे के मीठी कूई शिवालय के सामने शुक्रवार में दशहरा मैदान में श्री राम और रावण के बीच शाम तक भयंकर युद्ध हुआ। राम-रावण के युद्ध को देखने के लिए मैदान में घंटों तक काफी संख्या में लोग एकत्र हुए। युद्ध देखकर मौजूद दर्शक रोमांचित हो उठे। रावण के पुतले की नाभि में राम ने तीर मारा। तीर लगते ही रावण का पुतला जल उठा। जय श्री राम के जयकारों से वातावरण गूंज उठा। सामूहिक आरती में काफी संख्या में लोगों ने भाग लिया। मेला स्थल पर छोटे-छोटे कुछ दुकानदार मिठाई, चाट, खेल खिलौने के कुछ दुकानदार ही नजर आए लोगों ने उनसे ही जमकर खरीदारी की।
दशहरा पर्व पर निकली भव्य शोभायात्रा
कांधला। विजयदशमी पर्व पर नगर में रामलीला कमेटी मंडप पंचवटी के तत्वावधान में भव्य शोभायात्रा का आयोजन किया गया। शोभायात्रा का नगर में जगह-जगह स्वागत किया गया। देहात से भी भारी भीड़ रामलीला मैदान में पहुंची। शोभा यात्रा का उद्घाटन एमएलसी चौधरी वीरेंद्र सिंह ने किया। मोहल्ला रायजादगान स्थित रामलीला मंडप भवन से प्रारंभ होकर शोभा यात्रा नगर के मुख्य मार्गों से होते हुए श्री रामलीला मैदान कैराना रोड पर पहुंची। जहां पर भगवान राम ने रावण के पुतले का दहन किया। मंचन के दौरान रामलीला कमेटी के रामलीला कमेटी के प्रबंधक रामकुमार सिंघल, उपाध्यक्ष मेहरचंद सिंघल, सचिन शर्मा, अशोक महेश्वरी, राजेंद्र आचार्य, नीरज गोयल, लोकेश गोयल, मनीष गोयल, धनप्रकाश गोयल, श्याम कुमार सिंघल, नीरज गुप्ता, प्रमोद शर्मा, अमित गर्ग, अमन मित्तल, शिवम गोयल, निखिल महेश्वरी आदि रहे।
रावण के अंत के साथ जमकर हुई जय-जयकार
गढीपुख्ता। राम और रावण की सेना में भयंकर युद्ध कलाकारों ने प्रस्तुत किया। राम के अग्निबाण रावण की नाभि में मारते हैं नाभि में अमृत कुंड के जलते रावण का वध हो गया। जिसके बाद लोगों ने खूब जय-जयकार की। इस अवसर मुख्य अतिथि सपा नेता डॉ. सुधीर पंवार एवं अशोक चौधरी का तिलक लगाकर एवं पटका पहना कर सम्मान किया गया। विशिष्ट अतिथि अनमोल गर्ग समाज सेवी थाना भवन को भी सम्मानित किया गया। इस अवसर पर संरक्षक नरेश सैनी कमेटी अध्यक्ष, नीरज जैन, रामपाल सिंह, टेकचंद, राजेंद्र शर्मा, ओमवीर सिंह, राम मोहन, चौधरी पप्पू चौधरी, राजवीर सिंह, चरण सिंह, नेपाल, नरेश गोस्वामी आदि मौजूद रहे।
भगवान राम के आदर्शों पर चलने के उज्ज्वल होगा भविष्य
थानाभवन। सत्य की असत्य पर विजय के प्रतीक दशहरे का पावन पर्व नगर व क्षेत्र में धूमधाम से मनाया गया। इस अवसर पर सुबह लोगों ने दशहरा पूजन में उत्साह पूर्वज भाग लिया। दोपहर बाद नगर व क्षेत्र के लोग दशहरा मैदान में आयोजित मेले में पहुंचने शुरू हो गए। समाजसेवी अनमोल गर्ग ने अपने संबोधन में कहा कि भगवान श्रीराम के आदर्शों पर चलने से जहां स्वयं का भविष्य उज्ज्वल होगा, वहीं राष्ट्र भी मजबूत होगा। शाम 5:51 बजे शुभ मुहूर्त के आधार पर समाजसेवी अनमोल गर्ग ने रावण के पुतले में आग लगाई। इस अवसर पर अजय गुप्ता, हरीश सिंघल, अगम गोयल, रमेश मित्तल, श्रीपाल सैनी, ऋषिपाल विकसित, नवीन बंधु, रोहित गुप्ता सहित आदि लोग मौजूद रहे।
बुराई रूपी रावण का अंत
कैराना। क्षेत्र में विजयादशमी का त्योहार बड़े धूमधाम के साथ मनाया गया। श्रद्धालुओं ने घरों में प्रभु श्री राम, लक्ष्मण और माता सीता की पूजा-अर्चना की। शाम के समय देवी मंदिर तालाब परिसर में बुराई का प्रतीक रावण, मेघनाथ और कुंभकर्ण के पुतलों का दहन किया गया। कोतवाली प्रभारी प्रेमवीर राणा और एसएसआई राधेश्याम और कमेटी के सदस्यों ने तीर छोड़े और बुराई के प्रतीक रावण, मेघनाद और कुंभकर्ण के पुतले धमाकों के साथ जल उठे।
घरों में ही रहकर मनाया गया दशहरा पर्व
झिंझाना। क्षेत्र रामलीला का कोई कार्यक्रम इस बार न होने से सार्वजनिक रूप से कोई कार्यक्रम नहीं हुआ। केवल घरों में ही रहकर दशहरे का पूजन किया गया। बहनों ने भाइयों के कानों पर नौरते रखें। भाइयों ने भी बहनों को उपहार दिए। शाम के समय मेन बाजार स्थित देवी मंदिर से पुजारी आकाश शर्मा आदि लोग ढोल बाजों के साथ नौरते प्रवाहित करने के लिए ऊन रोड काली माता के मंदिर पहुंचे ।
कांधला में निकली शोभा यात्रा- फोटो : SHAMLI
हसनपुर लुहारी में रावण का पुतला दहन।- फोटो : SHAMLI
कैराना में होता रावण का पुतला दहन।- फोटो : SHAMLI
शामली हनुमान धाम पर रावण के पुतले में आग लगाते मुख्यअतिथी- फोटो : SHAMLI
शामली हनुमान धाम पर जलता रावध मेघनाथ व क़ुम्भकरण पुतला- फोटो : SHAMLI