शामली। जिला मुख्यालय के मुजफ्फरनगर रोड पर प्रस्तावित शामली रोडवेज डिपो की कार्यशाला के लिए अधिग्रहीत नौ बीघा भूमि में 674 वर्ग मीटर भूमि पानीपत- खटीमा हाईवे में चली जाने के बाद नए सिरे से कार्यशाला और चहारदीवारी का इस्टीमेट बनाकर शासन को भेजा जाएगा।
मुजफ्फरनगर रोड पर फतेहपुर गांव की नौ बीघा भूमि वर्ष 2015 मेें यूपी रोडवेज के शामली कार्यशाला के लिए आरक्षित की गई थी। कार्यशाला के लिए चहारदीवारी और कार्यालय भवन का 9 करोड़ रुपये का इस्टीमेट बनाकर शासन को भेजा गया। धनराशि अवमुक्त कराने के लिए गन्ना मंत्री सुरेश राणा, सांसद प्रदीप चौधरी, विधायक तेजेंद्र निर्वाल, पश्चिमी उत्तर प्रदेश संयुक्त उद्योग व्यापार मंडल के प्रदेश अध्यक्ष घनश्यामदास गर्ग शासन को पत्र लिख चुके हैं। इसके लिए सांसद प्रदीप चौधरी सड़क परिवहन राज्यमंत्री अशोक कटारिया से मिल चुके हैं। शासन से शामली रोडवेज कार्यशाला निर्माण की बजट धनराशि अवमुक्त नहीं हो पाई है, बाद में शामली रोडवेज कार्यशाला की चहारदीवारी निर्माण के लिए 50 लाख रुपये का इस्टीमेट शासन को भेजकर धनराशि मांगी गई। लेकिन शासन से डिपो कार्यशाला के लिए धनराशि अवमुक्त नहीं हो पाई।
इसी बीच भारत सरकार के सड़क परिवहन मंत्रालय एंव राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण नई दिल्ली की ओर से निर्माणाधीन पानीपत- खटीमा हाईवे में फतेहपुर गांव में रोडवेज कार्यशाला की 674 वर्ग मीटर अधिग्रहीत की जा चुकी है। यूपी रोडवेज मेरठ के जेई आरपी सिंह ने बताया कि शामली रोडवेज डिपो की कार्यशाला की 634 वर्ग मीटर भूमि हाईवे में जाने के बाद नए सिरे से कार्यशाला भवन और चहारदीवारी का इस्टीमेट शासन को जाएगा।