शामली। जनपद में भले ही कोरोना के केस कम हो गए हो, लेकिन ब्रिटेन में कोरोना का नया स्ट्रेन मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग विशेष सावधानी बरती जा रही है। जनपद में विदेश से पहुंचे चार लोगों के सैंपलों की जांच रिपोर्ट नेगेटिव मिली है, हालांकि ये चारों लोग ब्रिटेन से न आकर अन्य देशों से आए हैं। 28 दिन तक चारों व्यक्ति स्वास्थ्य विभाग की निगरानी में रहेंगे।
जनपद में दिसंबर माह में कोरोना की रफ्तार धीमी पड़ी है। कोरोना के नए केस रोजाना पांच के आसपास मिल रहे हैं। इसे लेकर स्वास्थ्य विभाग राहत महसूस कर रहा है। विभाग का दावा है कि सैंपलिंग में किसी तरह की कोई कमी नहीं आई है। पहले की तरह सैंपलिंग में 17 टीमें लगी हुई है। ब्रिटेन में मिले कोरोना के नए रूप को लेकर विभागीय अधिकारी खास सतर्कता बरत रहे है।
मेरठ में दो साल की बच्ची में कोरोना का नया रूप मिलने से स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ गई है। सीएमओ वीर बहादुर ढाका ने बताया कि जनपद में बांग्लादेश, दुबई व अन्य देश से चार लोग जनपद में आए थे। चारों के सैंपल लेकर जांच को मेरठ भेजे गए थे। इनमें से कोई भी व्यक्ति ब्रिटेन या यूके से नहीं आया। राहत की बात ये है कि चारों लोगों के सैंपल की जांच रिपोर्ट नेगेटिव आई है। सावधानी के तौर पर चारों को होम क्वारंटीन किया गया है। 28 दिन तक ये लोग स्वास्थ्य विभाग की निगरानी में रहेंगे।
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वैक्सीन को लेेकर अफवाहों को ना दे तवज्जों : मौलाना साजिद
शामली। जमीयत उलेमा-ए-हिंद के जिला सदर मौलाना मोहम्मद साजिद कासमी ने कहा कि कोविड-19 की वजह से पूरी दुनिया परेशानी में है। इस बीमारी की वजह से दुनिया में काफी लोग जान गवां चुके हैं। अब राहत की बात ये है कि इसका टीका जल्द आने वाला है, जो कि बाकायदा मेडिकल टेस्ट और डाक्टरों द्वारा जांच के बाद ही मुहैया कराया जाएगा। इसी बीच कुछ लोगों द्वारा इसके बारे में भ्रम फैलाया जा रहा है। मजहबे इस्लाम में किसी भी बात पर बिना तसदीक और सबूत के कुछ भी कहना दुरुस्त नहीं है। इस्लाम हमेशा इंसान के जीवन को हर कीमत पर बचाने की फौकियत देता है। उन्होंने लोगों से अपील की है कि सोशल मीडिया पर कोविड-19 वैक्सीन के ताल्लुक से जो भी अफवाहें फैलाई जा रही है वो बिल्कुल निराधार बेबुनियाद है। इन पर किसी तरह की तवज्जों ना दे। अपनी सेहत का ख्याल रखें और कोरोना वैक्सीन टीकाकरण के मामले में स्वास्थ्य विभाग की गाइड लाइन का पालन करें।