शामली तहसील के पास बनेगा गोल चक्कर, डिजाइन तैयार
शामली। सदर तहसील के पास दिल्ली-सहारनपुर और पानीपत-खटीमा के बाईपास को जोड़ने के लिए गोल चक्कर बनेगा। दूसरी ओर, शामली बाईपास की जद में सिंभालका गांव में मेरठ-करनाल हाईवे पर फ्लाईओवर का लिंटर डालने का कार्य आज से शुरू हो गया है। एक माह में लिंटर डालने का कार्य पूरा होगा।
बनत में तहसील सदर के सामने से पानीपत-खटीमा हाईवे गुजर रहा है। तहसील के सामने से इस हाईवे के बाईपास का निर्माण चल रहा है। दूसरी ओर, दिल्ली-सहारनपुर हाईवे का बलवा के पास से दस किमी लंबा बाईपास सिंभालका, सेहटा और तहसील के बराबर से होता हुआ साईंधाम के पास जोड़ेगा। यहां से मेरठ-करनाल हाईवे का शामली बाईपास शुरू हो रहा है। जो शामली शहर, गोहरनी, मुंडेट कलां, बधेव गांव के जंगल से होता हुआ टपराना के पास जोड़ेगा।
उधर, दिल्ली-सहारनपुर हाईवे पर बलवा गांव से कंडेला और मन्ना माजरा के पास बाईपास पानीपत-खटीमा हाईवे को जोड़ेगा। खराब मौसम के चलते जिले में दूसरे चरण में इन हाईवे, फ्लाईओवर और बाईपास का कार्य प्रभावित हो गया था। शुक्रवार को मौसम में सुधार आने के बाद दिल्ली-सहारनपुर हाईवे के शामली बाईपास की जद में सिंभालका गांव में मेरठ-करनाल हाईवे पर फ्लाईओवर पर लिंटर डालने कार्य शुरू हो गया है। लिंटर कार्य एक माह में पूरा हो जाएगा। लिंटर कार्य पूरा होने के बाद एप्रोच रोड का निर्माण शुरू होगा।
दिल्ली-सहारनपुर हाईवे और शामली बाईपास की मेरठ की निर्माण एजेंसी कृष्णा कंट्रेक्शन कंपनी का कार्य देख रहे जितेंद्र बालियान ने बताया कि शामली सदर तहसील के पास गोल चक्कर बनेगा। मुजफ्फरनगर, सहारनपुर से आने वाहन इसी गोल चक्कर से मेरठ, दिल्ली, पानीपत, करनाल होकर हरियाणा-पंजाब आसानी से जा सकेंगे। गोल चक्कर का डिजाइन मेरठ की निर्माण एजेंसी ने तैयार कर लिया है। शामली-सहारनपुर हाईवे का 51 किमी का कार्य पूरा हो गया। सेहटा के पास बाईपास का फ्लाईओवर के सीमेंट के गर्डर का निर्माण कार्य चल रहा है।
फ्लाईओवर पर गर्डर रखने का कार्य जारी, लिंटर की तैयारी
पानीपत-खटीमा हाईवे पर कैराना में यमुना नदी में दो लेन का फ्लाईओवर निर्माण के लिए गर्डर रखने का काम शुरू हो गया है। दूसरी ओर बनत में कृष्णा नदी के पुल का गर्डर रखने का काम पूरा हो गया है। फ्लाईओवर पर लिंटर डालने की तैयारियां चल रही हैं। पानीपत-खटीमा हाईवे की निर्माण एजेंसी के अभियंता कृष्ण कुमार ने बताया कि चार माह में पानीपत-खटीमा हाईवे का प्रथम चरण कार्य ज्यादातर पूरा हो जाएगा। जिससे यह हाईवे चलने लायक बन जाएगा।