कैराना (शामली)। 50 के दशक में हत्या के मुकदमे में फांसी की सजा पाया तीतरवाड़ा निवासी मुल्की पुलिस कस्टडी में चलती ट्रेन से कूद कर फरार हो गया था। उस समय मुल्की के पाकिस्तान भाग जाने की सूचना थी। तीतरवाड़ा में उसकी करीब 15 बीघा जमीन को प्रशासन ने शत्रु संपत्ति घोषित कर रखा है। जमीन पर अवैध रूप से गेहूं की फसल काटने के आरोप में हल्का लेखपाल की तहरीर पर पांच आरोपियों के रिपोर्ट दर्ज की गई।
50 के दशक में तीतरवाड़ा निवासी मुल्की ने कई हत्या की थी। जिसके बाद अदालत ने उसे फांसी की सजा सुनाई थी। सजा पाने के बाद मुल्की पुलिस कस्टडी से चलती ट्रेन से कूद कर फरार हो गया था। बाद में पता चला था कि मुल्की सजा से बचने के लिए पाकिस्तान भाग गया। जिसके बाद तीतरवाड़ा में उसकी जमीन को निष्क्रांत भूमि ( शत्रु संपत्ति ) घोषित किया गया था। पिछले कुछ दिनों से शिकायत मिल रही थी कि इस भूमि पर अवैध रूप से गेहूं की फसल बो रखी है। जिस पर जांच के बाद तहसील प्रशासन ने फसल की नीलामी करने की घोषणा की थी।
रविवार को कुछ लोग भूमि पर खड़ी गेहूं की फसल काट रहे थे। सूचना पर हलका लेखपाल रविंद्र सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। इस दौरान वहां फसल काट रहे लोग फसल को मौके पर छोड़ कर फरार हो गए। बाद में हलका लेखपाल रविंद्र सिंह ने कोतवाली में करीब 15 बीघा निष्क्रांत भूमि पर फसल काटने के आरोप में अब्बास, अहमद, जोगेंद्र, इरफान और असगर निवासी तीतरवाड़ा के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई। तहसीलदार प्रियंका जायसवाल ने बताया कि तीतरवाड़ा में करीब 15 बीघा निष्क्रांत भूमि पर गेहूं की फसल की नीलामी होनी थी। मौके पर कुछ लोग अवैध रूप से फसल काट रहे थे। हलका लेखपाल की ओर से आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।