शामली। आयुष धर्मांतरण प्रकरण में वांछित आरोपियों की तलाश में पुलिस टीमें दबिश दे रही है लेकिन आरोपी पकड़ में नहीं आ सके हैं। पुलिस टीमें संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है।
शहर के दयानंद नगर निवासी दवा कारोबारी देवराज मलिक ने अपने पुत्र आयुष मलिक के धर्मांतरण के आरोप में छह जून को शहर कोतवाली में काजीवाड़ा निवासी चांदनी कुरैशी, उनके पिता इस्लाम कुरैशी, भाई व तीन बहनों के अलावा फुफेरा भाई तौफीक उर्फ भोला व मौलवी मुनव्वर समेत 11 लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी। पुलिस अब तक चांदनी, इस्लाम व तौफीक को गिरफ्तार कर चुकी है जबकि अन्य आरोपियों की तलाश में पुलिस टीमें लगी है।
उधर, आयुष मलिक के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने पर तीन अन्य मामले भी शहर कोतवाली में दर्ज कराई गई है। वायरल वीडियो को एआई से बनाकर वायरल करने का आरोप है। पुलिस वायरल वीडियो की जांच कर रही है। इनमें एक वीडियो नूरशामा नाम के सोशल मीडिया अकाउंट से वायरल किया गया।
पुलिस की जांच में जिस मोबाइल नंबर से वीडियो वायरल हुआ वह महाराष्ट्र के नूरशामा के नाम पर मिला था। पुलिस धर्मांतरण प्रकरण को लेकर महाराष्ट्र का कनेक्शन भी खंगाल रही है। एएसपी सुमित शुक्ला का कहना है कि प्रकरण की गहनता से जांच चल रही है। वांछित आरोपियों की तलाश की जा रही है।