शामली। थानाभवन से विधायक सुरेश राणा ने विधानसभा में वेस्ट यूपी में बढ़ते जल प्रदूषण का मुद्दा उठाया। कहा कि फैक्ट्रियों का प्रदूषित पानी नदियों में छोड़ा जा रहा है। प्रतिमाह कैंसर से लोगों की मौत हो रही हैं, लेकिन प्रदेश सरकार सैफई में पैसा लुटाने में लगी है।
बृहस्पतिवार को विधानसभा में सवाल करते हुए राणा ने कहा कि पूरा पश्चिमी उत्तर प्रदेश कैंसर की चपेट में है। उद्योगों का जहरीला पानी नदियों में छोड़ा जा रहा है। पूर्व में चैकडेम जल स्तर उठाने के लिए बनाए गए थे, लेकिन उसका लाभ नहीं मिल सका। थानाभवन में शुगर मिल, ननौता में शुगर मिल और गत्ता फैक्ट्री, गाजियाबाद से सटे क्षेत्रों में फैक्ट्रियों का पानी नदी में छोड़ा जा रहा है।
मुजफ्फरनगर से गाजियाबाद तक जितना क्षेत्र है, वहां यह समस्या बनी हुई है। उनकी मांग है कि हीट एंड ट्रीटमेंट प्लांट लगाकर जल को शुद्ध कर नदी में प्रवाहित किया जाए।जवाब में विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि प्रदूषित पानी की समस्या वेस्ट यूपी के साथ ही पूरे प्रदेश में है।
वहीं, केबिनेट मंत्री मौहम्मद आजम खान ने कहा कि शुद्ध पेयजल आपूर्ति की कई योजनाएं चल रही थीं, लेकिन केंद्र सरकार ने उन योजनाओं के लिए धनराशि देनी बंद कर दी है।
कहा कि केंद्र सरकार की तरफ से धनराशि ना देने की वजह से ही इन परियोजनाओं में लगे कर्मियों का कई कई माह से वेतन भी नहीं मिल सका है।