शामली। 15 फरवरी को महाशिवरात्रि पर्व के मद्देनजर हरिद्वार से गंगाजल लेकर लौट रहे कांवड़ियों की संख्या में बढ़ोतरी हो गई है। शुक्रवार बोल बम के जयकारे लगाते हुए कांवड़िये शामली शहर से होकर गुजरे
महाशिवरात्रि को लेकर शहर के प्रमुख मंदिरों में हनुमान टीला हनुमान धाम, सिद्धपीठ गुलजारी वाला मंदिर, भाकूवाला मंदिर, सदाशिव मंदिर (रेलपार), सतीवाला मंदिर सहित अन्य शिवालयों में साफ-सफाई, प्रकाश व्यवस्था और श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए व्यवस्थाएं की जा रही हैं।
शुक्रवार को शहर से होकर गुजरते कांवड़ियों ने सुभाष चौक स्थित भगवान शिव मंदिर में परिक्रमा की और इसके बाद अपने-अपने गंतव्य की ओर रवाना हो गए। शिवभक्त कांवड़िये महाशिवरात्रि के दिन अपने-अपने शिवालयों में जलाभिषेक कर भगवान शिव की आराधना करेंगे।
सेवानिवृत्त फौजी से लेकर युवा तक कांवड़ लेकर पहुंचे : पानीपत से आए शिवभक्त भोले शंकर की झांकी लेकर पहुंचे। नरवाना निवासी और राजपूताना रेजिमेंट के पूर्व कैप्टन राजपाल शर्मा ने बताया कि उनके दो पुत्र हैं, दोनों की नौकरी लग चुकी है और अब वह भगवान की भक्ति में मन लगा रहे हैं।
जींद के मोहल्ला कमला नगर निवासी अनिल कुमार ने बताया उनके दोनों पैर ठीक नहीं हैं, लेकिन भोले शंकर की भक्ति में ऐसा मन लगा कि सफर का पता ही नहीं चला। शहर में शिवभक्तों की टोली, झांकियां और बोल-बम के जयकारे देख शहरवासियों में भी उत्साह था।
शामली में कांवड़ लेकर जाते शिव भक्त । संवाद
शामली में कांवड़ लेकर जाते शिव भक्त । संवाद
शामली में कांवड़ लेकर जाते शिव भक्त । संवाद
शामली में कांवड़ लेकर जाते शिव भक्त । संवाद