ये है मामले
केस-1
भोगी माजरा निवासी सतेंद्र पुत्र वेद की कुछ समय पूर्व ही मौत हो गई थी। इसके बावजूद उनके खाते में पेंशन डाली जा रही थी। खुलासा होने के बाद अब तीन हजार की रिकवरी कराई गई है।
केस-2
कैडी गांव निवासी भुल्लन पुत्र हरचंद के मरने के बाद भी उनके खाते में पेंशन के रुपये डाले जा रहे थे। समाज कल्याण विभाग के अधिकारियों ने बैंक को रिपोर्ट भेजी है।
केस-3
बीनड़ा गांव निवासी राज सिंह की मौत हो चुकी है मगर उनके बैंक खाते में वृद्ध पेंशन के लिए रुपये डाले जा रहे थे। विभाग ने तीन हजार की रिकवरी के लिए नोटिस भेजा है।
ये जिंदा होने के बाद भी काट रहे चक्कर
केस -1
ऊन निवासी बुजुर्ग सोहनवीर का कहना है कि तीन बार वह बुजुर्ग पेंशन के लिए आवेदन कर चुके हैं मगर उनको पेंशन नहीं दी जा रही है। अब विभागीय अधिकारियों से पेंशन दिलाने की गुहार लगाई है।
केस-2
खेड़ी निवासी बाबूराम का कहना है कि दो माह पूर्व उसने पेंशन के लिए आवेदन किया था मगर पेंशन नहीं दी जा रही, जिसके कारण परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। एडीएम से पेंशन दिलाने की मांग की है।
मृतकों के बैंक खातों में गई पेंशन राशि की रिकवरी के लिए बैंक के अधिकारियों को पत्र भेजा गया है। जिससे संबंधित बैंकों की ओर से रिकवरी कराकर रुपये वापस विभाग के खाते में आ जाएंगे। - दिनेश चंद गुप्ता, जिला समाज कल्याण अधिकारी शामली
मामले की जांच के आदेश दिए गए हैं। पूरे प्रकरण में जांच कराकर रिकवरी कराई जाएगी। समाज कल्याण विभाग इसकी पूरी निगरानी कर रहा है। -रविंद्र सिंह, डीएम शामली
हालात
-जिले में 27, 716 वृद्धों को वृद्ध पेंशन की पहली किश्त जारी की जा चुकी है।
-5927 के खाते एनपीसीआई पोर्टल पर आधार लिंक नहीं मिले हैं, जिसके कारण पेंशन नहीं मिल पा रही है।
-1600 लाभार्थियों का एनपीसीआई कराया गया। जिससे अब इन सभी लाभार्थियों को पुनः वृद्धावस्था पेंशन मिलने लगेगी