फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

धन तेरस पूजन और प्रदोष काल एक साथ होने से विशेष महत्व

विज्ञापन
विज्ञापन
शामली। धनतेरस और धनवंतरि जयंती शुक्रवार को मनाई जाएगी। धनतेरस का विशेष पूजन और प्रदोष काल एक साथ होने से भगवान आशुतोष की विशेष कृपा होगी। पंडितों के मुताबिक ऐसे मौके पर सर्वसिद्धि योग भी आ रहा है।
विज्ञापन

शुक्रवार को धनतेरस पर कुुुबेर, गणेश जी और लक्ष्मी की विशेष पूजा का महत्व है। भगवान धनवंतरि की जयंती के मौके पर सुबह हवन-पूजन और यज्ञ किया जाता है। शाम को धनतेरस पर धन के देवता कुबेर, सिद्धि विनायक श्रीगणेश और सुख समृद्धि व ऐश्वर्य की देवी महा लक्ष्मी और भगवान आशुतोष की विशेष पूजा अर्चना से संकटों का नाश होगा है। धनतेरस के दिन सोना, चांदी के सिक्के, श्रीलक्ष्मी-गणेश, स्टील-तांबा, पीतल के बर्तन, नमक, झाडू़ खरीदना शुभ माना गया है। नमक का पैकेट खरीदने से घर में दरिद्रता का नाश होता है। पंडित कुशलानंद शास्त्री के मुताबिक इस बार धनतेरस और प्रदोष काल की पूजा का समय साथ-साथ आने से शुभ है। इस दौरान सर्वसिद्धि योग भी सालों बाद बन रहा है। शाम 6 बजे से लेकर 9.30 बजे पूजा शुभ फलदायी होगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें