कलक्ट्रेट में राष्ट्रीय कृमि मुक्ति माह को लेकर अंतरविभागीय अधिकारियों की बैठक लेते सीमएओ डॉ. स?
- फोटो : SHAMLI
शामली। कोरोना काल में छूटे दो साल तक के बच्चे और गर्भवती महिलाओं को होने वाला नियमित टीकाकरण के लिए मिशन इंद्रधनुष 4.0 कार्यक्रम शुरू हो गया है। सात दिन तक चलने वाले इस कार्यक्रम का शुभारंभ सीएमओ डॉ. संजय अग्रवाल ने बनत स्वास्थ्य उपकेंद्र पर फीता काटकर किया। उन्होंने स्वास्थ्य टीमों को टीकाकरण का शत-प्रतिशत लक्ष्य पूरा करने के निर्देश दिया।
सोमवार से शुरू हुए मिशन इंद्रधनुष 4.0 के पहले साप्ताहिक चरण के लिए जिले में दो साल तक के 7256 बच्चे और 1198 गर्भवती महिलाओं को टीकाकरण का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। टीकाकरण के लिए नगरीय और ग्रामीण क्षेत्रों में 751 बूथ बनाए गए हैं। स्वास्थ्य विभाग ने सोमवार से यह अभियान शुरू किया है। यह अभियान 14 मार्च तक चलेगा। बनत में अभियान का शुभारंभ करते हुए सीएमओ डॉ. संजय अग्रवाल ने कहा कि सात दिन तक चलने वाले अभियान में बच्चों और गर्भवती महिलाओं को शत-प्रतिशत टीकाकरण का लक्ष्य पूरा करना है ताकि खतरनाक बीमारियों से बचाव हो सके। उन्होंने लोगों से भी जागरूक होकर छूटे हुए बच्चों और गर्भवती महिलाओं को टीके लगवाने में सहयोग करने को कहा है। जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. राजकुमार सागर ने बताया कि सोमवार से मिशन इंद्रधनुष के तहत टीकाकरण शुरू हो गया है। जिले में पहले दिन सभी निर्धारित बूथों पर टीकाकरण हुआ है और कहीं पर किसी तरह की कोई दिक्कत नहीं आई है।
मिशन इंद्रधनुष के तहत बच्चों का किया गया टीकाकरण
कैराना। मिशन इंद्रधनुष के तहत बच्चों के टीकाकरण के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर कैंप आयोजित किए गए। डब्ल्यूएचओ की गाइडलाइन के अनुसार 7 मार्च से 15 मार्च तक सघन मिशन इंद्रधनुष कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। सोमवार को कैराना सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र व सभी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर बच्चों के टीकाकरण के लिए कैंप आयोजित किए गए। चिकित्सा अधीक्षक डॉ. विजेंद्र कुमार ने बताया कि 0 से 5 साल तक के बच्चों को 7 टीके लगाए जाते हैं। टीकाकरण से वंचित बच्चों को सघन मिशन इंद्रधनुष के तहत टीके लगाए जाने हैं। जिसके तहत सीएचसी व प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर डॉक्टर सुपरवाइजर की ड्यूटी लगाई गई हैं। सभी स्थानों पर बच्चों को चिन्हित कर टीकाकरण किया गया।