शामली। मेरठ–करनाल हाईवे पर पूर्वी यमुना नहर पर बने पुराने पुल को तोड़कर दो लेन का नया पुल बनाए जाने की तैयारी एक बार फिर शुरू हो गई है।
लोक निर्माण विभाग (प्रांतीय खंड) शामली की ओर से नए पुल के लिए एस्टीमेट तैयार करने की कवायद की जा रही है। मेरठ–करनाल हाईवे पर अंग्रेजी शासनकाल के दौरान सिंगल लेन का पुल बनाया गया था। यह पुल बार-बार क्षतिग्रस्त होने लगा, जिसके बाद वर्ष 2007 में पूर्वी यमुना नहर पर पुराने पुल के समानांतर एक नया पुल बनाया गया। इस पुल के निर्माण को अब करीब 25 वर्ष हो चुके हैं।
लोक निर्माण विभाग प्रांतीय खंड शामली द्वारा वर्ष 2018 में दो लेन के नए पुल का एस्टीमेट बनाकर शासन को भेजा गया था। उस समय लगभग साढ़े चार करोड़ रुपये की धनराशि भी स्वीकृत हो गई थी, लेकिन ठेकेदार न मिलने के कारण पुल का निर्माण नहीं हो सका। बाद में मेरठ–करनाल हाईवे को राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण, बागपत इकाई को हैंडओवर कर दिया गया था।
शहरी क्षेत्र में राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण द्वारा निर्माण कार्य न कराए जाने के चलते बाद में हाईवे को पुनः हैंडओवर कर दिया गया। वर्तमान में पूर्वी यमुना नहर के पुराने सिंगल लेन पुल पर करीब एक वर्ष से आवागमन बंद है। अब लोक निर्माण विभाग प्रांतीय खंड शामली द्वारा पूर्वी यमुना नहर पर दो लेन के नए पुल का एस्टीमेट नए सिरे से तैयार किया जा रहा है।
लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता राजकुमार सिंह ने बताया कि दो लेन पुल का एस्टीमेट शासन को भेजा जाएगा। धनराशि अवमुक्त होते ही निर्माण कार्य शुरू करा दिया जाएगा। नए पुल के निर्माण के बाद हाईवे पर चार लेन की सुविधा उपलब्ध हो सकेगी।