शामली। जिले में सभी 25 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर मुख्यमंत्री आरोग्य मेले का आयोजन किया गया, जिसमें नजला, जुकाम और वायरल बुखार के सबसे ज्यादा मरीज आए। चिकित्सकों और स्वास्थ्य कर्मियों ने आरोग्य मेले में 1394 मरीजों की जांच कर उपचार दिया। इसके अलावा आरोग्य मेले में आयुष्मान भारत योजना के लाभार्थियों के 129 गोल्डन कार्ड बनाए गए।
रविवार को सभी पीएचसी पर आयोजित मुख्यमंत्री आरोग्य मेले में सुबह से ही मरीजों का पहुंचना शुरू हो गया था। मोहल्ला पंसारियान स्थित अरबन पीएचसी पर डॉ. सादिया ने 67 मरीजों की जांच कर उपचार दिया। ज्यादातर मरीज वायरल बुखार, नजला व खांसी के आए। मोहल्ला बरखंडी स्थित अरबन पीएचसी पर डॉ. उदित भटनागर ने मरीजों की जांच कर सलाह दी। इस दौरान 42 मरीजों को उपचार दिया गया।
कैराना ब्लॉक क्षेत्र में कैराना पीएचसी अरबन, ऊंचागांव पीएचसी, भूरा पीएचसी, कंडेला पीएचसी व डुंडुखेड़ा पीएचसी पर मरीजों के स्वास्थ्य की जांच करके उन्हें दवाइयां वितरित की गईं। इस दौरान 352 मरीजों का उपचार किया गया। अधिकांश मरीज नजला, खासी व बुखार के साथ ही दर्द के थे।
चौसाना के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर 82 मरीजों की जांच कर उपचार दिया गया। सुबह से ही मरीजों की लाइन लगनी शुरू हो गई थी। इस दौरान चिकित्सकों ने मरीजों की जांच कर उपचार दिया। चिकित्सकों ने बताया कि आरोग्य मेले में 40 प्रतिशत से ज्यादा मरीज नजला, जुकाम, खांसी और वायरल बुखार के आए। इसके अलावा त्वचा, श्वांस, पेट दर्द, गैस, जोड़ों में दर्द आदि रोगोें के मरीज पहुंचे। आरोग्य मेले में 32 महिला मरीज, 37 पुरुष व 13 बच्चे पहुंचे। इस दौरान स्टॉफ नर्स रेशमा, सीएचओं कृष्ण कुमार, युवराज सिंह, शिवम कुमार व आशा रेणू व सुषमा मौजूद रहीं।
थानाभवन क्षेत्र में पीएचसी गढ़ीअब्दुला में 37 मरीजों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया, जिनमें तीन गर्भवती महिलाएं शामिल रहीं। डाॅ. अजहर ने बताया कि ज्यादातर मरीज बुखार, जुकाम, नजला व चर्म रोग से पीड़ित थे। सभी मरीजों दवाइयां दी गईं। इस दौरान फार्मासिस्ट कमल सैनी, स्टाफ नर्स शिल्पी व राजेन्द्र कुमार मौजूद रहे। झिंझाना सीएचसी पर स्वास्थ्य मेले में 12 मरीज ही आए। चिकित्सक अशोक सैनी ने बताया कि शायद गेहूं की कटाई के कारण मरीजों की संख्या बहुत कम रही। गढ़ीपुख्ता में पीएचसी पर आंगनबाड़ी, आशाओं ने गर्भवती महिलाओं की जांच कर पौष्टिक आहार के बारे में जानकारी दी। गर्भवती महिला को टीकाकरण, खून की जांच, ब्लड प्रेशर चेक, हेपाटाइटिस बी, शुगर जांच कर आयरन, कैल्शियम की दवाई वितरण की गई। स्वास्थ्य मेले में 25 मरीजों की जांच कर दवा दी गई। ज्यादातर नजला, खांसी, शुगर, इंफेक्शन आदि की दवाई का वितरण किया गया। इस दौरान चिकित्सा प्रभारी डॉ. भावना, फार्मासिस्ट शिवम शर्मा, लैब इंचार्ज मेवाराम, एएनम गीता, अमरीता, आंगनबाड़ी सुदेशना, नीलम, आशा सुरेशा आदि मौजूद रहे।
ऊन सीएचसी पर 26 व पिंडोरा में 15 मरीजों की जांच कर दवाई दी गई। ज्यादातर मरीज बुखार, नजला, जुकाम, खांसी के और कुछ त्वचा रोग से पीड़ित आए। मौसम में गर्मी के चलते इस समय बुखार, दस्त, खांसी, जुकाम का प्रकोप चल रहा है। सभी मरीजों को जांच कर उपचार दिया गया। चिकित्सक डॉ. नवीन ने बताया कि तापमान बढ़ने से बीमारी बढ़ रहे हैं। ऊन में डॉ. नवीन, फार्मासिस्ट मनोज, स्टाफ नर्स शगुन, रमन व वर्षा और पिंडोरा में डॉक्टर के अलावा फार्मासिस्ट और लैब टेक्नीशियन मौजूद रहे।