कुर्रियाकलां। पल्हौरा गांव के शिव मंदिर परिसर में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा के पांचवें दिन रविवार को कथा व्यास पंडित छत्रपाल मिश्रा ने श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं का मनोरम वर्णन कर श्रद्धालुओं को भावविभोर कर दिया। उन्होंने भगवान श्रीकृष्ण के माखन चोरी करने और गोवर्धन पूजा के प्रसंग सुनाते हुए कहा कि भगवान अभिमान और अहंकार का भक्षण करते हैं। देवराज इंद्र के अहंकार को चूर करने के लिए ही उन्होंने गिरिराज गोवर्धन की पूजा आरंभ कराई। संवाद
000
भगवान के जन्म प्रसंग में बधाई गीतों पर झूम उठे श्रद्धालु
कुर्रियाकलां। कौढ़ा गांव के नर्मदेश्वर महादेव मंदिर पर आयोजित श्रीमद्भागवत कथा के चौथे दिन रविवार को कथा व्यास राहुल कृष्ण दीक्षित ने भक्त ध्रुव और प्रहलाद चरित्र, श्रीराम जन्म और श्रीकृष्ण जन्मोत्सव के प्रसंग सुनाए। भगवान के जन्म पर उन्होंने बधाई गीत प्रस्तुत किए तो श्रद्धालु श्रोता भी झूमने लगे। रंगीन गुब्बारों से सजाए गए पंडाल में श्रद्धालुओं को भगवान के जन्म पर मिश्री, टॉफी, खिलौने आदि प्रसाद के तौर पर बांटे गए। भगवान श्रीकृष्ण के स्वरूप की झांकी की श्रद्धालुओं ने पूजा अर्चना भी की। संवाद