शाहजहांपुर में रमजान के चांद को देखतीं महिलाएं व बच्चे। संवाद
शाहजहांपुर। रमजान-उल मुबारक के चांद का दीदार शनिवार को हो गया। इस बीच सहरी के लिए तैयारी शुरू हो गई हैं। बाजारों में चहल-पहल बढ़ गई। लोगों ने तराबीह की नमाज अदा की। रविवार को पहला रोजा होगा।
शनिवार को चांद का दीदार करने के लिए शाम ढलते ही मुस्लिम समाज के लोग छतों पर चढ़ गए। चांद का दीदार होने के बाद लोगों ने मुल्क में अमन की दुआ की। इसके बाद लोगों ने अपने करीबियों को रमजान महीने की मुबारकबाद दी। स्टेशन वाली नूरी मस्जिद में चांद देखने के बाद सामूहिक दुआ की गई। इसके साथ पहले रोजे की तैयारी शुरू हो गई।
सहरी में खानपान की सामग्री के लिए लोगों ने बाजार का रुख किया। ब्रेड, बिस्किट, सूतफेनी, सिंवई, फल समेत जरूरत का सामान खरीदा। इसी के साथ मस्जिदों में तराबीह की नमाज भी अदा की गई। शहर काजी सैयद सैफ हसन बताते हैं कि रमजान माह में रोजेदार पांचों वक्त की नमाज पढ़ते हैं। रोजा रखना फर्ज है।
मस्जिदों में शुरू हुई सफाई और रंगाई
खुदागंज। रमजान के लिए नगर समेत ग्रामीण क्षेत्रों में मस्जिदों की साफ-सफाई और रंग रोगन का काम शुरू कर दिया गया है। गौसिया मस्जिद, जामा मस्जिद, नूरी मस्जिद को संवारा जा रहा है। मदरसों में भी रमजान की छुट्टी कर दी गई है। मदरसा एहसानुल बरकात अकबरी के प्रबंधक हाजी हसनैन खां व जलालपुर में बालिकाओं के मदरसा सूफी इख्तेदार आलम की प्रबंधक गिजाला फातिमा ने बताया कि रमजान की छुट्टी कर इी गई है। मस्जिदों में तराबी की नमाज पढ़ाने के लिए हाफिज भी लगभग तय हो चुके हैं। मुस्लिम समाज के घरों में भी सहरी और इफ्तारी के इंतजाम किए जा रहे हैं। संवाद