पुवायां मंडी में किसानों से वार्ता करती एसडीएम के साथ मौजूद सीओ। स्रोत : संगठन
पुवायां। भाकियू चढ़ूनी गुट की ओर से 28 जुलाई से मंडी परिसर में चल रहा धरना प्रदर्शन सोमवार को भूख हड़ताल में बदल गया तो मंगलवार को एसडीएम चित्रा निर्वाल वार्ता करने के लिए मौके पर पहुंचीं। वार्ता में किसानों ने सिर्फ आश्वासन पर विरोध प्रदर्शन समाप्त करने से इन्कार कर दिया और समाधान होने पर ही हड़ताल समाप्त करने की बात कही।
भाकियू चढ़ूनी गुट के तहसील अध्यक्ष संजय मिश्रा ने एसडीएम से वार्ता करते हुए कहा कि 24 सूत्री मांगों को लेकर 27 जून को ज्ञापन दिया गया लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो सकी। इसके बाद नौ जुलाई को सीओ कार्यालय पर धरना दिया गया तो 27 जुलाई तक समस्याओं का समाधान कराने का आश्वासन दिया गया।
फिर भी कोई कार्रवाई नहीं होने पर 28 जुलाई से शांतिपूर्ण ढंग से मंडी परिसर में धरना दिया जा रहा है लेकिन किसी अधिकारी ने मौके पर आने की जरूरत नहीं समझी। 11 अगस्त से पांच कार्यकर्ता भूख हड़ताल पर भी बैठ गए हैं। अब आश्वासन से काम नहीं चलेगा। काफी देर चली वार्ता के दौरान कोई हल नहीं निकल सका तो कार्यकर्ताओं ने 14 अगस्त को धरनास्थल पर एसडीएम का प्रतीकात्मक रूप से पुतला दहन करने के लिए डीएम को संबोधित ज्ञापन एसडीएम कार्यालय में जाकर दे दिया।
कार्यकर्ताओं ने कहा कि तहसील के अधिकारी उनकी समस्याओं का निस्तारण कराने के संबंध में ध्यान नहीं दे रहे हैं। अगर जल्द ही समाधान नहीं किया गया तो वे लोग आंदोलन तेज करने के लिए बाध्य होंगे। वार्ता के दौरान सीओ प्रवीण मलिक, खंड विकास अधिकारी आरपी राना, थाना प्रभारी रवि करन सिंह मौजूद रहे।
भाकियू की ओर से दिए गए ज्ञापन में कई समस्याओं का समाधान हो चुका है। कुछ समस्याएं ऐसी हैं जिनका त्वरित निस्तारण नहीं किया जा सकता है। इसके लिए संबंधित विभाग को पत्र भेजा जा चुका है। पुलिस के संबंधित समस्याओं में मुकदमे दर्ज है, जिनमें विवेचना से ही समाधान हो सकेगा। वार्ता में उन्हें पूरे मामले की जानकारी दी गई है। आंदोलनकारियों को समझाने का प्रयास किया गया लेकिन वे मानने को तैयार नहीं हैं। पुतला दहन के बारे में ऑफिस में पत्र भेजा गया था जो मिल गया है।
-चित्रा निर्वाल एसडीएम पुवायां