नए शैक्षिक सत्र के क्रियाकलापों और सरकारी योजनाओं के समयबद्ध क्रियान्वयन के लिए इस्लामिया इंटर कॉलेज में कई घंटे चली प्रधानाचार्यों की बैठक में शैक्षिक पंचांग के अनुरूप पठन-पाठन दुरुस्त करने, 30 जून को सेवानिवृत्त होने वाले शिक्षकों और शिक्षणेत्तर कर्मचारियों के पेंशन और जीपीएफ प्रपत्र समय से उपलब्ध कराने, पूर्व दशम और दशमोत्तर कक्षाओं के आनलाइन छात्रवृत्ति फार्म निर्धारित तिथि तक भरवाने संबंधी दिशा निर्देश दिए गए।
इस अवसर पर पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी वीरपाल, समाज कल्याण विभाग के पटल सहायक मो. नवेद ने छात्रवृत्ति के आनलाइन फार्म भरने में आने वाली दिक्कतों की जानकारी देते हुए उनके समाधान की विधि भी समझाई। बाद में प्रधानाचार्यों की शंकाओं का समाधान भी किया। डीआईओएस राकेश कुमार ने प्रधानाचार्यों से कहा कि वह 15 मई तक प्रवेश प्रक्रिया पूरी कर लें और उन्होंने बताया कि जिले में लगभग 243 वित्तविहीन कॉलेजों के सापेक्ष अभी तक मात्र 87 कॉलेजों के प्रधानाचार्यों ने ही मानदेय संबंधी वांछित सूचनाएं कार्यालय में उपलब्ध कराई हैं, शेष प्रधानाचार्य शीघ्र ही सूचनाएं उपलब्ध करा दें, ताकि प्रकरण शासन को भेजा जा सके। इसके अलावा स्कूल कॉलेजों में शौचालय, पेयजल आदि की व्यवस्था दुरुस्त करने, यूनीफार्म और पाठ्यपुस्तकों का वितरण समय से कराने तथा एमडीएम की गुणवत्ता परखते हुए उसका वितरण कराने के भी निर्देश दिए।
इससे पूर्व वरिष्ठ प्रधानाचार्य केएस शुक्ला, प्रधानाचार्य परिषद के अध्यक्ष डॉ. केके शुक्ला, टीआर वर्मा, रणवीर सिंह आदि ने भी विभिन्न योजनाओं की जानकारी दी। मो. रजा खां के संचालन में हुई बैठक में मेजबान कॉलेज के प्रधानाचार्य सैयद जुबैर अब्दुल कादिर ने आभार जताया।
प्रधानाचार्य देंगे भूकंप
पीड़ितों को आर्थिक मदद
इस्लामिया इंटर कॉलेज में हुई प्रधानाचार्याें की बैठक का समापन भूकंप में असामयिक मृत्यु का शिकार हुए लोगों को श्रद्धांजलि देकर किया गया। इस अवसर पर सर्वसम्मति से सभी प्रधानाचार्यों ने पीड़ितों की मदद को हाथ बढ़ाते हुए एक-एक दिन का वेतन देने की घोषणा की। साथ ही शिक्षकों और शिक्षणेत्तरकर्मी भी स्वेच्छा से आर्थिक मदद करेंगे। इसके लिए जीआईसी के प्रधानाचार्य रणवीर सिंह को दायित्व सौंपा गया है, जो सभी से धनराशि एकत्र कर प्रधानमंत्री राहत कोष में जमा कराएंगे। घोषणा के बाद इस्लामिया कॉलेज के प्रधानाचार्य सैयद जुबैर अब्दुल कादिर ने तत्काल ढाई हजार रुपये की मदद की घोषणा की।