शाहजहांपुर। यूपी बोर्ड की हाईस्कूल की परीक्षा में जिले में शानदार प्रदर्शन करने वाले अधिकतर मेधावियों का सपना आईएएस बनकर देश की सेवा करना है। मेधावियों ने जहां चार-पांच घंटे मेहनत कर यह मुकाम हासिल किया है, वहीं सोशल मीडिया से दूरी बनाकर रखी। अधिकतर बच्चे अपनी सफलता के पीछे परिवार के माहौल और गुरुजनों के आशीर्वाद को श्रेय देते हैं।
सफाई कर्मचारी की बेटी बनी शाहजहांपुर की टॉपर
तिलहर। यूपी बोर्ड की हाईस्कूल परीक्षा में 95.33 (572 नंबर) प्रतिशत नंबर लाकर शाहजहांपुर टॉप करने वाली कनक यादव के पिता कुशलपाल सिंह यादव सफाई कर्मचारी हैं। कुशल पाल सिंह ग्राम पंचायत खड़खड़ी के गांव काला भोज में सफाई कर्मचारी के पद पर कार्यरत हैं। तिलहर के निजामगंज मोहल्ले में रहने वाली कनक सरला देवी इंटर कॉलेज की छात्रा हैं। कनक ने बताया कि वह सोशल मीडिया से दूर रहती हैं और आईएएस बनकर देश की सेवा करना चाहती है। वह बचपन से ही आईएएस बनना चाहती हैं। आईएएस सृष्टि जयंत देशमुख उनकी आदर्श हैं। कनक को टीवी में कार्टून और समाचार देखना पसंद है। वह बताती हैं कि उन्होंने नियमित चार घंटे पढ़कर सफलता हासिल की है। कनक के पसंदीदा राजनेता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी है। वह क्रिकेट खेलना पसंद करती है। कनक का भाई मनोज बीएड कर रहा है। उसकी सफलता पर मां मोनी देवी और दादी फूलमती खुशी से फूली नहीं समा रही हैं। संवाद
मोबाइल नहीं चलाते दूसरे स्थान पर आए दीपांश
शाहजहांपुर। यूपी बोर्ड के हाईस्कूल की परीक्षा में संजय कुमार सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज के छात्र दीपांश अवस्थी ने 94.67 प्रतिशत अंक के साथ जिले में दूसरे स्थान प्राप्त किया है। वह आईएएस बनने की चाह रखते हैं। दीपांश ने बताया कि हाईस्कूल में उनको 600 में 568 अंक प्राप्त हुए। उन्होंने परीक्षा से एक-दो महीने पहले ही जी-तोड़ पढ़ाई शुरू कर दी थी। दिनभर में 10 से 12 घंटे तक पढ़े। गुरुजन व परिजन सभी का पूरा सहयोग मिला। उन्हें टॉपर नहीं बन पाने का मलाल भी है। दीपांश मोबाइल का इस्तेमाल नहीं करते हैं। बताया कि वह सरस्वती शिशु मंदिर सिंजई में आचार्य उदय अवस्थी व गृहणी भुवनेश्वरी देवी के बेटे हैं। उनकी दो बड़ी बहनें भी हैं, जिनमें इंदु अवस्थी बीएड तथा दीपशिखा बीए द्वितीय वर्ष की छात्रा है। पिता उदय अवस्थी अपने बेटे की सफलता पर बहुत खुश हैं। उन्होंने बताया कि बेटा दीपांश आईआईटी करके इंजीनियर बनना चाहता है, लेकिन एक प्राइवेट शिक्षक होने के कारण उनकी आर्थिक स्थिति ऐसी नहीं है कि महंगी शिक्षा दिलवा पाए। उन्हें दीपांश की मेहनत पर पूरा भरोसा है। वह कुछ बेहतर करेगा।
अनुष्का ने सेल्फ स्टडी से पाया मुकाम
जलालाबाद। हाईस्कूल के परिणाम में 94 प्रतिशत अंकों के साथ जिले में तीसरा स्थान पाने वाली अनुष्का गुप्ता आचार्य राममोहन मिश्र सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज की छात्रा हैं। वह मोहल्ला कानूनगोयन निवासी किराना व्यवसायी रतन गुप्ता व सुनीता गुप्ता की बेटी हैं। अनुष्का आईएएस बनकर देश की सेवा करना चाहती है। बताया कि कड़ी मेहनत करके ही किसी लक्ष्य को पाया जा सकता है। उन्होंने आठ से दस घंटे की सेल्फ स्टडी की है। उन्होंने कहा कि अखबार पढ़ने का शौक बचपन से रहा है। सोशल मीडिया में रुचि है लेकिन उससे पढ़ाई संबंधी जानकारी के लिए ही प्रयोग करती हैं। संवाद
डॉक्टर बनना चाहती हैं प्राची गुप्ता
जलालाबाद। जनपद की टॉप टेन सूची में चौथा स्थान पाने वाली प्राची गुप्ता नगर स्थित सेठ राजाराम गर्ल्स इंटर कॉलेज में पढ़ती है। वह मोहल्ला दयालनगर निवासी क्रॉकरी व्यवसायी कमलेश गुप्ता व अनीता गुप्ता की बेटी हैं। प्राची ने हाईस्कूल में 93.50 अंक हासिल किए है। प्राची ने बताया कि कोरोना काल मे विद्यालय बंद रहने से सेल्फ स्टडी की तरफ झुकाव बढ़ा और रोजाना छह से आठ घंटे तक पढ़ाई की। बताया कि सोशल मीडिया पर अपडेट रहती हैं लेकिन खाली समय होने पर ही इसका इस्तेमाल करती हैं। उनकी इच्छा है कि डॉक्टर बनकर लोगो की सेवा करें। अनुष्का के अनुसार उनकी हमेशा से पढ़ाई में ही रुचि रही है और इसमें माता-पिता का भी उन्हें भरपूर सहयोग मिलता है।
गरिमा को इंजीनियरिंग के साथ पास करना है यूपीएससी
तिलहर। सरला देवी सरस्वती बालिका इंटर कॉलेज की छात्रा गरिमा अग्रवाल ने हाईस्कूल परीक्षा में 560 अंक (93.33 प्रतिशत) प्राप्त करके जिले में पांचवां स्थान प्राप्त किया है। गरिमा अग्रवाल तिलहर के मोहल्ला दातागंज निवासी रेडीमेड व्यापारी नवीन अग्रवाल की छोटी बेटी है। गरिमा की सफलता पर परिवार में खुशी का माहौल है। गरिमा का सपना इंजीनियरिंग के साथ ही लोक सेवा आयोग की परीक्षा पास करना है। परिवार में मां नूतन अग्रवाल, बड़े भाई कार्तिक अग्रवाल, बड़ी बहन दीपाली अग्रवाल, ताऊ जितेंद्र अग्रवाल ने गरिमा का मुंह मीठा कराया। गरिमा अग्रवाल ने बताया कि वह प्रतिदिन 4 से 5 घंटे पढ़ाई करती थीं। खेलों में बैडमिंटन सबसे प्रिय है। मेरे पेपर अच्छे हुए थे और मुझे उम्मीद थी कि मैं टॉप टेन सूची में आऊंगी। गरिमा ज्यादा सोशल मीडिया में सक्रिय नहीं रहती हैं। संवाद
एयरोस्पेस की इंजीनियरिंग करना चाहते हैं अंश
शाहजहांपुर। मेडिकल कंपनी में सुपरवाइजर धर्मेंद्र कुमार शर्मा के बेटे व आकांक्षा हाईस्कूल के छात्र अंश शर्मा ने यूपी बोर्ड के हाईस्कूल की परीक्षा में जिले की टॉप-10 सूची में छठवें नंबर पर हैं तथा स्कूल में सेकेंड टॉपर है। उन्हें 600 में 558 अंक प्राप्त हुए, जोकि कुल अंकों का 93 प्रतिशत है। अंश ने बताया कि उन्हें जिले की टॉप-10 की सूची में शामिल होने की जानकारी नहीं थी। लेकिन अमर उजाला के माध्यम से इसकी जानकारी होने पर खुशी का ठिकाना नहीं है। बताया कि उनके परिवार में माता-पिता और एक छोटी बहन है। हाईस्कूल की परीक्षा देने के बाद 11वीं में प्रवेश के दौरान पीसीएम ग्रुप (फिजिक्स-केमेस्ट्री-मैथ) ले लिया है। इसी को टारगेट करके पढ़ाई करनी है। वह एयरोस्पेस में इंजीनियरिंग करना चाहते हैं।
आईएएस बनेंगी अंशिका
जलालाबाद। हाईस्कूल की परीक्षा में जिले में सातवां स्थान पाने वाली अंशिका यादव भी आचार्य राममोहन मिश्र सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज की छात्रा हैं। उन्होंने 92.67 प्रतिशत अंक हासिल किए हैं। वह मोहल्ला कानूनगोयन निवासी हार्डवेयर व्यवसायी लोकपाल यादव व सुनीता यादव की बेटी है। अंशिका का भी सपना आईएएस बनने का है। बताया कि उन्होंने रोजाना छह से सात घंटे पढ़ाई की है। पढ़ाई के साथ अन्य क्षेत्रों में जानकारी के लिए अखबार सबसे अच्छा माध्यम है। वह अखबार रोजाना पढ़ती है। उनकी सोशल मीडिया में रुचि नहीं है और शुरू से इससे दूर रही हैं। संवाद
आईएएस बनना चाहते हैं शशांक
पुवायां। हाईस्कूल की जिले की टॉपर सूची में सातवें स्थान पर काबिज पुवायां के सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज पुवायां के छात्र शशांक मिश्रा आईएएस बन कर देश की सेवा करना चाहते हैं। उन्होंने 600 में 556 (92.67) अंक प्राप्त किए हैं। पुवायां के गांव मुकीमपुर निवासी शशांक के पिता नीलकमल मिश्रा सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज बीसलपुर में हिंदी के प्रवक्ता हैं और मां देवी मिश्रा गृहणी हैं। शशांक की सफलता पर कॉलेज और घर में खुशी का माहौल है। कॉलेज में प्रधानाचार्य सहित तमाम स्टाफ ने शशांक को मिष्ठान खिलाकर बधाई दी। शशांक का कहना है कि उन्होंने टाइम टेबल बनाकर पढ़ाई की और विषय को केवल रटने के स्थान पर समझा। कड़ी मेहनत और मन लगाकर पढ़ाई करने से कोई भी मंजिल कठिन नहीं है। संवाद
डॉक्टर बनकर करूंगा लोगों की सेवा : मृत्युंजय
शाहजहांपुर। संजय कुमार सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज के छात्र व हाईस्कूल के टॉप-10 में नौवां स्थान प्राप्त करने वाले मृत्युंजय मोहन ने डॉक्टर बनने का मन बनाया है। उनके परिजन भी उसे डॉक्टर बनाना चाहते हैं। पिता सत्यपाल सिंह जीआईसी पिपरौला में क्लर्क के पद पर कार्यरत हैं। माता मीरा यादव गृहणी हैं। इनके अलावा परिवार में एक भाई और बहन भी है, जोकि पढ़ाई कर रहे है। मृत्युंजय मोहन ने बताया कि हाईस्कूल में 92 प्रतिशत अंक प्राप्त कर जिले की टॉप-10 सूची में शामिल होने के साथ ही वह स्कूल के सेकेंड टॉपर बने हैं। इसमें उनकी पढ़ाई के साथ ही गुरुजनों की मेहनत तथा परिजनों का आशीर्वाद भी रहा है। उन्हें 600 में 552 अंक प्राप्त हुए हैं। संवाद