शाहजहांपुर। कांवड़ यात्रा को लेकर शुक्रवार की शाम से रूट डायवर्जन को लागू कर दिया गया है। जलालाबाद से मुरादाबाद, संभल होकर जाने वाले वाहनों को कटरा से खैरपुर व नवादा होते हुए गुजारने का सिलसिला प्रारंभ हो गया। बरेली मोड़ से जलालाबाद के लिए एक लेन से रोडवेज की बसों व छोटे वाहनों को गुजारा गया।
फर्रुखाबाद से जल भरकर आने वाले कांवड़िये अल्हागंज, जलालाबाद, कांट होते हुए शाहजहांपुर से होकर गुजरते हैं। करीब सौ किलोमीटर से ज्यादा की दूरी जनपद में होने के चलते प्रशासन को काफी तैयारी करनी होती हैं।
सावन के पहले सोमवार को देखते हुए शुक्रवार से कांवड़ मार्ग पर डायवर्जन लागू कर दिया गया। इस अवधि में झांसी, कानपुर, फर्रुखाबाद, राजस्थान आदि से आने वाले बड़े वाहनों को जलालाबाद होते हुए कटरा, खैरपुर नवादा होते हुए गुजारा गया। वहीं, दूसरी ओर इस बार कांवड़ यात्रा के दौरान प्रत्येक सप्ताह में तीन दिन होने वाले रूट डायवर्जन में रोडवेज बसों को बरेली मोड़ से कटरा से जलालाबाद होते हुए नहीं गुजारा जाएगा। कांट-जलालाबाद मार्ग फोरलेन बनने के चलते एक लेन को कांवड़ यात्रियों के लिए आरक्षित किया, जबकि दूसरी लेन पर वाहनों को निकाला जा रहा है। ऐसे में यात्रियों को लंबी दूरी के साथ ही किराया भी कम देना पड़ेगा। कांवड़ मार्ग का सीओ यातायात शुभम वर्मा और टीएसआई पुष्पेंद्र सिंह उर्फ बच्चू यादव ने निरीक्षण कर जायजा लिया। सीओ यातायात ने बताया कि कांवड़ यात्रा को दुर्घटनारहित कराने के लिए सारी तैयारियां की गई हैं।