जलालाबाद (शाहजहांपुर)। हापुड़ की अवैध पटाखा फैक्टरी में हुए विस्फोट में जलालाबाद के सिकंदरपुर अफगनान गांव के रहने वाले रंजीत (22) की भी मौत हो गई है। हादसे में मरने वाले शाहजहांपुर के अब 11 लोग हो गए हैं। सोमवार को पुलिस और प्रशासन के अधिकारी रंजीत के घर पहुंचे और परिजन से बातचीत की।
गांव के रामपाल का परिवार राजस्थान में ईंट भट्ठे पर मजदूरी करता है। वहां काम न होने पर कुछ दिन पहले सभी लोग गांव लौट आए। एक परिचित के माध्यम से आठ दिन पहले रामपाल का बेटर रंजीत हापुड़ की पटाखा फैक्टरी में काम करने चला गया था। हादसे के बाद रविवार रात किसी ने रामपाल को जानकारी दी। सोमवार सुबह रामपाल उनकी पत्नी तथा दूसरा बेटा अहिबरन वहां के लिए रवाना हो गए। रंजीत के रिश्तेदार झबले ने बताया कि पहले रंजीत की तलाश अस्पतालों में की गई। बाद में पता लगा कि एक अज्ञात शव पोस्टमार्टम गृह में रखा है। परिजन ने वहां पहुंचकर बुरी तरह से झुलसे शव की पहचान रंजीत के रूप में की।
औपचारिकताओं को पूरा करने के बाद शाम को शव परिजन के सुपुर्द किया गया। देर रात तक उन लोगों के घर पहुंचने की संभावना है। अविवाहित रंजीत पांच भाइयों में चौथे नंबर का था। उसकी दो बहनें भी हैं। हादसे की जानकारी मिलने के बाद से सभी का रो-रोकर बुरा हाल है। सोमवार शाम को जानकारी मिलने पर एसडीएम बरखा सिंह और सीओ मस्सा सिंह ने घर पहुंचकर रंजीत के परिजन से मुलाकात की और उन्हें हरसंभव मदद का आश्वासन दिया।