बरेली जोन में सांप्रदायिक लिहाज से मुरादाबाद और संभल जिले सबसे संवेदनशील हैं। वहां मामूली घटना भी सांप्रदायिक रंग पाकर उग्र रूप धारण कर लेती है। इस लिहाज से बरेली काफी सही है। जहां केवल धार्मिक जुलूसों की संख्या अधिक होने और वे जुलूस मिश्रित आबादी से होकर गुजरने के चलते ही तनाव की स्थिति बनती है। कानून व्यवस्था की कसौटी पर जोन के जनपदों की स्थिति पर आईजी विजय सिंह मीना ने बृहस्पतिवार को शाहजहांपुर दौरे पर पहुंचने पर यह टिप्पणी की।
उन्होंने कहा कि शाहजहांपुर इस कसौटी पर काफी सही है। मगर होली पर शाहजहांपुर सबसे संवेदनशील है। होली पर निकलने वाले लाट साहब के जुलूस के दौरान अंतिम क्षणों में तनातनी की स्थिति बन जाती है और उस लिहाज से जिले में अभी से सभी पक्षों के साथ मिलकर ऐहतियातन सभी तैयारियां चौकस रखने पर जोर है। उन्होंने कहा कि संपन्न हुए पंचायत चुनाव में जोन के अन्य जिलों की तुलना में शाहजहांपुर काफी शांतिपूर्ण रहा। एकाध चिंताजनक घटनाएं होने को थीं, लेकिन पुलिस-प्रशासनिक स्तर पर तत्परता से कार्रवाई कर हालात को नियंत्रित कर लिया गया।
इससे पहले पुलिस लाइंस में बृहस्पतिवार को उन्होंने थानों से बुलाए गए मुंशियों की विशेष क्लास ली। कहा कि थाने में पहुंचने वाले 70 फीसदी फरियादियों का पहला पाला मुंशियों से ही पड़ता है। मुंशियों के बेरुखे व्यवहार से कई बार फरियादी निराश होकर लौटते हैं। ऐसा न करने और पब्लिक में खाकी के प्रति विश्वास बनाए रखने की सीख दी। फरियादियों से संवेदनशीलता से पेश आने और बेहतर व्यवहार करना समझाया।
थानों की कई गाड़ियों में नहीं मिले कैमरे
आईजी ने बरेली लौटने से पहले पुलिस लाइंस में आए सभी थानेदारों की गाड़ियों को चेक किया। कई गाड़ियों में हूटर और कैमरे गायब थे, तो कुछ के कैमरे की बैटरी डिसचार्ज मिली। आईजी ने थानेदारों को निर्देश दिया कि सभी अपनी गाड़ियों में कैमरा जरूर रखें। घटना किसी भी समय और कहीं भी हो सकती है, जिसमें कैमरे से की गई लाइव रिकार्डिंग अहम साक्ष्य होती है।