अब: परौर में गणेशपुर धरमपुर के बीच मरम्मत के बाद तैयार हुई पुलिया। संवाद
शाहजहांपुर। बदायूं में हादसे के बाद भी राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) और लोक निर्माण विभाग के अभियंता सबक लेने के लिए तैयार नहीं हैं। हाईवे सहित संपर्क मार्गों की क्षतिग्रस्त पुलिया की स्थायी मरम्मत के बजाय केवल औपचारिकता निभाई जा रही है।
लिपुलेख-भिंड हाईवे पर निगोही क्षेत्र में राघवपुर सिकंदरपुर गांव के सामने टूटी पुलिया के पास ऐसा ही देखने को मिला है। यहां पर पुलिया गत कई वर्ष से क्षतिग्रस्त है। इसके दोनों ओर रेलिंग अथवा दीवार नहीं बनाई गई, जबकि वहां हाईवे के दोनों किनारों पर दस-दस फुट गहरे गड्ढे हैं।
इस वजह से हाईवे के किनारे का हिस्सा भी उखड़ रहा है। पिछले हफ्ते ट्रैक्टर-ट्राॅली गड्ढे में गिर चुकी है। अगस्त में मौरंग से भरा ट्रक भी गिरा था। इसके बाद 27 नवंबर को अमर उजाला में प्रमुखता से जर्जर पुलिया की खबर प्रकाशित हुई तो एनएचएआई ने हाईवे के कट चुके हिस्से के गड्ढे मिट्टी से भरवा दिए। मिट्टी से भरीं बोरियां रखकर काम चला लिया गया।
एनएचएआई के सहायक अभियंता अश्वनी कुमार सिंह का कहना है कि यह हाईवे देखरेख के लिए एक अन्य एजेंसी को दिया जा चुका है। इसके बावजूद वह अस्थायी मरम्मत कार्य करा रहे हैं। राघवपुर सिकंदरपुर के प्रधान मोनू सिंह का कहना है कि अधिकारी पुलिया की मरम्मत के लिए वहां किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहे हैं।
अब: परौर में गणेशपुर धरमपुर के बीच मरम्मत के बाद तैयार हुई पुलिया। संवाद
अब: परौर में गणेशपुर धरमपुर के बीच मरम्मत के बाद तैयार हुई पुलिया। संवाद