पुवायां। चुनाव चाहे विधानसभा को हो या लोकसभा का। प्रत्याशियों की मंशा रहती है कि उनकी पार्टी के बड़े नेता क्षेत्र में आकर उनकेे पक्ष में सभाएं करें। नेता भी प्रत्याशी को चुनावी वैतरणी पार कराने के लिए कोई कोर कसर बाकी नहीं रखते हैं।
पार्टी के दिग्गज तो जुटते ही हैं साथ ही ग्लैमर का तड़का लगाने में भी कोई कसर बाकी नहीं रखी जाती, लेकिन पुवायां क्षेत्र के लोगों का मिजाज कुछ दूसरे तरह का है। यहां के लोग बड़े नेताओं की बात सुनने और उन्हें देखने के लिए भारी संख्या में जुटते हैं, लेकिन जब वोट डालने का समय आता है तो वह बड़े नेताओं के लुभावने वायदे और फिल्मी हस्तियों के वोट मांगने के लिए बोले गए डायलाग भुला बैठते हैं और अपनी अपनी पसंद के प्रत्याशी के पक्ष में मतदान करते हैं।
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मेनका गांधी रहती थीं ज्यादा प्रभावी
पुवायां। पुवायां तहसील शाहजहांपुर जिले का हिस्सा होने के बाद भी काफी समय तक पीलीभीत लोकसभा का हिस्सा रही। पुवायां विधानसभा के लोग पीलीभीत संसदीय क्षेत्र में मतदान करते थे। मेनका गांधी का पुवायां क्षेत्र में काफी प्रभाव रहता था और संसदीय क्षेत्र के अलावा विधानसभा चुनाव में भी वह मतदाताओं को लुभाने में सफल रहती थीं।
नहीं बदल सके मतदाताओं का मन
- वर्ष 2007 में राहुल गांधी ने पुवायां में रोड शो किया। भारी भीड़ जुटी। मतदान के दिन लोगों ने सपा के मिथलेश कुमार के पक्ष में वोटिंग कर विधानसभा पहुंचा दिया।
- वर्ष 2007 के विधानसभा चुनाव में भाजपा प्रत्याशी नेतराम के पक्ष में नवजोत सिंह सिद्घूू ने बंडा में सभा की। भारी भीड़ जुटी, लेकिन परिणाम सपा के मिथलेश कुमार के पक्ष में गया।
- वर्ष 2009 में हुए विधानसभा उप चुनाव में कांग्रेस प्रत्याशी चेतराम के पक्ष में क्रिकेटर अजहरूद्दीन ने पुवायां और अभिनेत्री नगमा ने गांव कोरोकुइयां में सभी की। जीत बसपा के धीरेंद्र प्रसाद की हुई।
- 2009 में पुवायां में अमर सिंह और जयाप्रदा और बंडा में अमर सिंह ने सपा प्रत्याशी सुरजनलाल के लिए सभा की। लोगों ने उनके भाषण पर खूब तालियां बजाईं। चुनाव में सुरजन लाल तीसरे नंबर पर रहे।
- वर्ष 2014 में पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कांग्रेस के पक्ष में बंडा में जनसभा की। कांग्रेस प्रत्याशी की करारी हार हुई।
- वर्ष 2016 में राहुल गांधी ने पुवायां में खाट सभा की। 2017 के विधानसभा चुनाव में जीत भाजपा प्रत्याशी चेतराम को मिली।