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Shahjahanpur News: एचटी लाइन में तार छूने से खुटार में लाइनमैन के साथी की मौत

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भगवानदास का फाइल फोटो। स्रोत : परिजन
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खुटार (शाहजहांपुर)। संविदा लाइनमैन के साथ सहायक के रूप में निजी तौर पर काम कर रहे 45 वर्षीय भगवानदास की हाईटेंशन लाइन से तार छूने से उतरे करंट से मौत हो गई। नलकूप की लाइन सही करते समय साथी लाइनमैनों ने लापरवाही बरतते हुए बिजली आपूर्ति बंद कराने की जरूरत नहीं समझी। मामले में दो संविदा लाइनमैन सहित चार पर प्राथमिकी दर्ज कराई गई है।
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गांव मोहनपुर निवासी अनुराग ने बताया कि उनके भाई भगवानदास विद्युत निगम के संविदा लाइनमैन के साथ निजी तौर पर काम करते थे। बृहस्पतिवार को भगवानदास रामपुर फीडर के संविदा लाइनमैन संजय और गौरव के साथ गांव भटनौसा निवासी संजय त्रिवेदी के नलकूप की लाइन ठीक करने गए थे।
भगवानदास खंभे पर चढ़कर लाइन ठीक कर रहे थे। एलटी लाइन के ऊपर से एचटी लाइन निकली हुई है। अचानक एलटी लाइन का तार हाईटेंशन लाइन से छू गया। करंट लगने से भगवानदास झुलस गए। लोग भगवानदास को खुटार सीएचसी ले गए, जहां डाॅक्टर ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
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सूचना पर भगवानदास की पत्नी मनीषा, पुत्र अभय, अभिषेक पुत्री अनामिका का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। थाना प्रभारी श्यामवीर सिंह ने बताया कि भाई अनुराग की तहरीर पर संविदा लाइनमैन संजय, गौरव, साथी हेल्पर छोटे और खेतस्वामी संजय त्रिवेदी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है।


हादसा होने पर कर्मचारी मानने से इन्कार कर देते हैं अधिकारी
विद्युत निगम के अधिकारी, कर्मचारियों की कमी के चलते निजी लोगों को लाइन सही करने के काम पर लगा देते हैं। कोई हादसा होने पर कर्मचारी मानने से इन्कार कर किनारा कर लेते हैं। भगवानदास काफी समय से लाइन सही करने का काम कर रहे थे। मौत के बाद अधिकारी उन्हें कर्मचारी मानने से इन्कार कर रहे हैं। भगवानदास के कर्मचारी न होने के बावजूद बिजली उपकेंद्र की कॉलाेनी में आवास कैसे मिला, इस पर अधिकारी चुप्पी साध गए। बता दें कि आवास देने से अधिकारियाें का लाभ होता है, जब रात में फॉल्ट होने पर कर्मचारियों को तलाश नहीं करना पड़ता।




अंधविश्वास : जीवित होने की आस में रेत में दबाया शव

भगवानदास की मौत के बाद अंधविश्वास के चलते परिजनों को उनके जीवित होने की आस में शव को सीएचसी के पास ही रेत में दबा दिया। लगभग एक घंटे बाद शव को रेत से निकालकर पोस्टमाॅर्टम के लिए पुलिस को सौंपा गया। भगवानदास पांच वर्ष पूर्व भी लाइन ठीक करते समय करंट की चपेट में आकर झुलस गए थे। ठीक होने पर वह फिर से काम करने लगे थे।





भगवानदास विद्युत निगम में पहले संविदा कर्मचारी थे। उन्हें निकाल दिया गया था। इस समय वह विद्युत निगम में कार्यरत नहीं थे। भगवानदास किस आधार पर लाइन ठीक करने गए थे, इसकी जांच कराई जाएगी। दोषी पाए गए लोगों पर कार्रवाई की जाएगी।
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-पुनीत निगम, एक्सईएन विद्युत निगम पुवायां

भगवानदास का फाइल फोटो। स्रोत : परिजन

भगवानदास का फाइल फोटो। स्रोत : परिजन

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