कांट। गांव हठीपुर कुर्रिया में बहू और उसके ससुर के शव का बृहस्पतिवार को खेत में अंतिम संस्कार कर दिया गया। घटना के दूसरे दिन भी गांव में सन्नाटा पसरा रहा। गलियों में चहल-पहल नहीं दिखी।
ट्रक चलाने वाले सर्वेश की पत्नी सुमित्रा को मंगलवार की रात ससुर राजपाल ने पीट दिया था। वह बहू के गांव में दावत में जाने से नाराज था। पत्नी राजवती, सात साल की पौत्री रागिनी के सो जाने के बाद आरोपी ने बहू पर कुल्हाड़ी से छह वार कर हत्या कर दी थी। उसके बाद गांव के नजदीक खुद पेड़ पर फंदे पर लटककर जान दे दी थी। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम कराया था।
शाम को शव परिजनों के सुपुर्द कर दिए गए। मंगलवार की सुबह करीब नौ बजे गांव के खेत में बहू और ससुर के पार्थिव शरीरों का अंतिम संस्कार कर दिया गया। मुखाग्नि सर्वेश ने दी।
मामा का पसीजा दिल, रागिनी को साथ ले गए
-सर्वेश ने सात साल पहले मध्य प्रदेश के सतना निवासी सुमित्रा से प्रेम विवाह किया था। सुमित्रा के पहले पति की मौत हो चुकी थी। उनकी एक बेटी रागिनी है। बताते हैं कि सुमित्रा ने अपने परिवार की मर्जी के बिना शादी की थी। इसके चलते मायके पक्ष के लोग ज्यादा संपर्क नहीं रखते थे। बहन की हत्या की सूचना पर मध्य प्रदेश से उसके भाई रज्जन अंतिम संस्कार में शामिल हुए। रज्जन को देख रागिनी उनसे लिपटकर बिलख पड़ी। सर्वेश के ट्रक चालक होने व दादी के मानसिक रूप से अस्वस्थ होने के चलते उसकी परवरिश पर संकट के बादल छाए हुए थे। ऐसे में भांजी को मामा अपने साथ लिए गए।